दिए निर्देश एक हफ्ते में भेजें रिपोर्ट…

केन्द्रीय मंत्री ने आलू अनुसंधान केन्द्र की जमीन का लिया जायजा 

ग्वालियर। राजमाता विजयाराजे सिंधिया एयरपोर्ट के विस्तार के काम को जल्द जे जल्द मूर्तरूप देने के सिलसिले में केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने शनिवार को आलू अनुसंधान केन्द्र पहुँचकर वस्तुस्थिति समझी। उन्होंने आलू अनुसंधान केन्द्र की जमीन का जायजा लेने के दौरान कहा कि प्रयास ऐसे हों, जिससे एयर टर्मिनल के विस्तार में कोई बाधा न आए। साथ ही आलू अनुसंधान की गतिविधियाँ भी बेहतर ढंग से चलती रहें। श्री तोमर ने इस अवसर पर सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि एक हफ्ते में समन्वित रिपोर्ट प्रस्तुत कर दें, जिससे एयरपोर्ट अथॉरिटी को एयर टर्मिनल के विस्तार के लिए जमीन हस्तांतरित की जा सके। ज्ञात हो आलू अनुसंधान केन्द्र की जमीन पर ही एयर टर्मिनल का विस्तार प्रस्तावित है। 

आलू अनुसंधान केन्द्र की जमीन का जायजा लेने के बाद केन्द्रीय मंत्री श्री तोमर ने निर्देश दिए कि  एयरपोर्ट अथॉरिटी, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद एवं जिला प्रशासन के अधिकारी आपसी समन्वय बनाकर एयर टर्मिनल विस्तार की रूपरेखा को अंतिम रूप दें। उन्होंने कहा इस काम को जल्द से जल्द धरातल पर लाने के लिए कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह  नोडल अधिकारी का दायित्व निभाएं। उन्होंने कहा कि एयर टर्मिनल के काम को गति देने के लिए दिल्ली में भी संबंधित अधिकारियों के साथ आलू अनुसंधान केन्द्र की जमीन के हस्तांतरण के संबंध में बैठक की जाए। केन्द्रीय मंत्री श्री तोमर ने  कहा कि ग्वालियर की प्रगति के लिए अत्याधुनिक एयरपोर्ट और केन्द्रीय आलू अनुसन्धान केन्द्र दोनों जरूरी हैं। 

एयर कनेक्टिविटी बढ़ने से जहाँ ग्वालियर-चंबल अंचल में हवाई यात्रा की सुविधा बढ़ने के साथ-साथ औद्योगिक निवेश को बढ़ावा मिलेगा। वहीं आलू अनुसंधान केन्द्र भी ग्वालियर-चंबल अंचल सहित देशभर के किसानों को आलू के उन्नत बीज मुहैया कराकर उनकी समृद्धि में महती भूमिका निभा रहा है। कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने एयर टर्मिनल के लिए दी जाने वाली जमीन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही एयरपोर्ट अथॉरिटी के अधिकारियों ने प्रस्तावित एयर टर्मिनल की रूपरेखा के बारे में बताया। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी किशोर कान्याल ने बताया कि एयर टर्मिनल के विस्तार के लिए आलू अनुसंधान केन्द्र की 110 एकड़ जमीन एयरपोर्ट अथॉरिटी द्वारा माँगी गई है। इसमें से 10 एकड़ जमीन का उपयोग एयरपोर्ट मार्ग के लिए होगा।