कारगिल विजय दिवस के अवसर पर ...
देश के आमजन सहित,PM मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने शूरवीरों के पराक्रम को किया याद !
26 जुलाई को हर साल कारगिल विजय दिवस मनाया जाता है, जो साल 1999 के कारगिल युद्ध में भारतीय सेना की ऐतिहासिक जीत और वीर जवानों के बलिदान का प्रतीक है. कारगिल विजय दिवस पर पीएम मोदी से लेकर गृह मंत्री अमित शाह ने शूरवीरों के पराक्रम को याद किया.
आज करगिल दिवस के मौके पर पूरा देश वीर बलिदानियों के अप्रतिम शौर्य को नमन कर रहा है। वहीं, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह तमाम केंद्रीय मंत्री और राज्यों के मुख्यमंत्रियों व उपमुख्यमंत्रियों ने भारतीय सेना के अमर वीरों को नमन करते हुए याद किया है।
राष्ट्रपति भवन की तरफ से किए गए पोस्ट में लिखा गया- कारगिल विजय दिवस पर मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले वीर योद्धाओं को मैं विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करती हूं। उनका अद्वितीय पराक्रम, अडिग संकल्प और अनन्य राष्ट्रभक्ति हमारी सेना की गौरवशाली परंपरा के अप्रतिम उदाहरण हैं। देश, सदैव उनका ऋणी रहेगा। हमारे उन पराक्रमी वीरों की शौर्यगाथा, आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्रसेवा और कर्तव्यनिष्ठा के पथ पर चलने के निरंतर प्रेरित करती रहेगी।
इसी को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि कारगिल विजय दिवस पर हमारा देश भारत की सुरक्षा के लिए बहादुर सैनिकों के असाधारण साहस और समर्पण के प्रति आभार व्यक्त करता है. पीएम मोदी ने कहा कि बेहद कठिन परिस्थितियों में भी उनका अदम्य साहस हमेशा राष्ट्रीय गौरव का स्रोत बना रहेगा. उनकी अटूट देशभक्ति और कर्तव्य-निष्ठा पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी.
अमित शाह ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि कारगिल विजय दिवस भारतीय सेना के अदम्य शौर्य और अद्भुत पराक्रम का प्रतीक है. वर्ष 1999 में हिमालय की दुर्गम बर्फीली चोटियों पर विषम परिस्थितियों और शत्रु के ऊंचाई पर स्थित मोर्चों के बावजूद, हमारे वीर जवानों ने 'ऑपरेशन विजय' के माध्यम से दुश्मन को घुटने टेकने पर मजबूर कर दिया. उन्होंने कहा कि कारगिल विजय दिवस पर मैं उन सभी वीर सपूतों का स्मरण कर नमन करता हूं, जिन्होंने अपना सर्वोच्च बलिदान देकर देश की अखंडता को अक्षुण्ण बनाए रखा.
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि मातृभूमि की रक्षा में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले सभी वीर सैनिकों को शत-शत नमन. वर्ष 1999 में कारगिल की दुर्गम चोटियों पर असाधारण पराक्रम का परिचय देने वाले सभी वीर सैनिकों के प्रति देशवासी सदैव कृतज्ञ एवं ऋणी रहेंगे. भारतीय सेना का अदम्य साहस, त्याग और अटूट संकल्प आने वाली पीढ़ियों को देशप्रेम, कर्तव्यनिष्ठा और मातृभूमि के लिए सर्वस्व समर्पित करने की प्रेरणा देता रहेगा.
राजनाथ सिंह ने कहा कि द्रास में कारगिल विजय दिवस की पूर्व संध्या पर आयोजित शौर्य संध्या कार्यक्रम में शामिल हुआ. कारगिल विजय को याद करते हुए हमें गर्व तो होता है, लेकिन हमें यह भी याद रखना चाहिए कि हमारे सामने मौजूद चुनौतियां कम नहीं हुई हैं. भारतीय रक्षा बल किसी भी चुनौती का सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं. उन्होंने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार सैनिकों के कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और रक्षा आधुनिकीकरण पर लगातार जोर दिया जा रहा है ताकि सेना को विश्व-स्तरीय हथियार और प्रशिक्षण मिल सके.



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