प्रशिक्षित युवतियों ने अपनी प्रेरणादायी सक्सेस स्टोरी साझा की...
महिलाओं हेतु सुरक्षित पर्यटन स्थल परियोजना के अंतर्गत जिला स्तरीय कार्यशाला आयोजित
ग्वालियर। मध्य प्रदेश टूरिज्म बोर्ड की महत्वाकांक्षी परियोजना “महिलाओं हेतु सुरक्षित पर्यटन स्थल परियोजना” के अंतर्गत रागिनी फाउंडेशन द्वारा संकुल ग्वालियर के पर्यटन स्थल शासकीय ललित कला महाविद्यालय, ग्वालियर में जिला स्तरीय कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यशाला जिला पंचायत सीईओ सोजान सिंह रावत की अध्यक्षता में संपन्न हुई। कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में जिला पंचायत सीईओ सोजान सिंह रावत, विशिष्ट अतिथि के रूप में ज्वाइंट डायरेक्टर महिला एवं बाल विकास सीमा शर्मा, रागिनी फाउंडेशन की अध्यक्षा दीपा दीक्षित, थाना प्रभारी इंदरगंज दीप्ति तोमर, शासकीय ललित कला महाविद्यालय के प्राचार्य गिर्राज शर्मा, माधव संगीत महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. वीणा जोशी, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के डीपीएम विनीत गुप्ता, राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के सिटी मिशन मैनेजर वेद सिंह राजपूत सहित विभिन्न विभागों के अधिकारीगण, प्रशिक्षित युवतियाँ एवं बड़ी संख्या में प्रतिभागी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत रागिनी फाउंडेशन की अध्यक्षा दीपा दीक्षित के स्वागत उद्बोधन से हुई। उन्होंने परियोजना के अंतर्गत अब तक किए गए कार्यों, उपलब्धियों तथा महिलाओं के सशक्तिकरण हेतु किए जा रहे प्रयासों की विस्तृत जानकारी उपस्थित अतिथियों एवं अधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि यह परियोजना महिलाओं को सुरक्षित पर्यटन से जोड़ते हुए उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक सशक्त मंच प्रदान कर रही है। कार्यशाला के दौरान परियोजना के अंतर्गत सफलतापूर्वक आजीविका अर्जित कर रही प्रशिक्षित युवतियों ने अपनी प्रेरणादायी सक्सेस स्टोरी साझा की। मुस्कान गुप्ता, कुमुद विश्वकर्मा एवं संगीता परिहार ने कला एवं हस्तशिल्प प्रशिक्षण के माध्यम से अपने जीवन में आए सकारात्मक बदलावों एवं अनुभवों को साझा कर उपस्थित युवतियों को आत्मनिर्भर बनने हेतु प्रेरित किया।
इस अवसर पर ज्वाइंट डायरेक्टर महिला एवं बाल विकास सीमा शर्मा ने अपने उद्बोधन में कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए सही समय पर सही लोगों के मार्गदर्शन में लिए गए निर्णय अत्यंत महत्वपूर्ण होते हैं। उन्होंने महिलाओं की आर्थिक सशक्तता, वन स्टॉप सेंटर जैसी सुविधाओं तथा पर्यटन को बढ़ावा देने में महिला एवं बाल विकास विभाग की निरंतर सहभागिता पर प्रकाश डाला। ललित कला महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य गिर्राज शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि “महिलाओं हेतु सुरक्षित पर्यटन स्थल परियोजना” के माध्यम से महिलाओं को विभिन्न कलात्मक विधाओं में कौशल प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है, जो अत्यंत सराहनीय एवं प्रेरणादायी कार्य है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश पर्यटन बोर्ड के सहयोग से कला को निखारने एवं उसे रोजगार से जोड़ने का सशक्त प्रयास किया जा रहा है। थाना प्रभारी इंदरगंज दीप्ति तोमर ने महिलाओं की सुरक्षा एवं सेफ्टी से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा कीं। उन्होंने हेल्थ डेस्क, हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देते हुए बताया कि सुरक्षित वातावरण एवं “अतिथि देवो भवः” की भावना के साथ किया गया व्यवहार ही पर्यटन को बढ़ावा देता है और पर्यटकों को पुनः आने के लिए प्रेरित करता है।
कार्यक्रम के अंत में जिला पंचायत सीईओ सोजान सिंह रावत ने अपने अध्यक्षीय संबोधन में कहा कि महिलाओं को सशक्त एवं आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की जरूरत है । उन्होंने फेडरेशन से जुड़ी महिलाओं से संवाद कर उनके कार्यों को बढ़ावा देने हेतु स्थान एवं आर्थिक संसाधनों के लिए विभागीय समन्वय का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि जिला पंचायत ग्वालियर महिलाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए सदैव तत्पर है। ग्वालियर ऐतिहासिक, सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध है और यहाँ महिला-आधारित पर्यटन गतिविधियों की अपार संभावनाएँ हैं। अपने उद्बोधन के अंत में उन्होंने प्रशिक्षण प्राप्त सभी युवतियों को जिला प्रशासन की ओर से हर संभव सहयोग प्रदान किए जाने का भरोसा दिलाया। कार्यक्रम के समापन अवसर पर सीईओ एवं ज्वाइंट डायरेक्टर महिला एवं बाल विकास द्वारा “बत्तो बाई की गुड़िया” प्रशिक्षण प्राप्त महिलाओं को प्रमाण पत्र वितरित किए गए।










0 Comments