प्रेस की पुरानी मशीनें बनेंगी इंडस्ट्रीयल म्यूजियम का हिस्सा  

शासकीय प्रेस भवन का स्मार्ट सिटी करेगी उन्नयन 


ग्वालियर। शासकीय प्रेस भवन के उन्नयन कार्य के लिए स्मार्ट सिटी सीईओ नीतू माथुर व प्रेश उप नियंत्रक अभिलाष मंथनवार ने निरीक्षण किया। प्रेस के भवन को खाली करने के निर्देश दिए गए, ताकि भवन के उन्नयन का कार्य शुरू हो सके। शासकीय प्रेस की पुरानी मशीनों को नहीं हटाया जाएगा। प्रेस की मशीनों को इंडस्ट्रीयल म्यूजियम का हिस्सा बनाया जाएगा।माथुर ने कहा कि शहर के केंद्र में एक तकनीकी औऱ व्यवहारिक मूल्यों को प्रदर्शित व प्रसारित करती सुविधा उपलब्ध कराना है। पाल से आए शासकीय प्रेस के अधिकारियों ने कहा कि अगले तीन से चार दिनो में प्रेस भवन को खाली कराये जाने का कार्य शुरु कर दिया जायेगा। प्रेस भवन के खाली होने तक उसके उस हिस्से पर कार्य प्रारंभ किया जाये जो पहले से खाली है। निरीक्षण के दौरान सहमती बनी कि शासकीय प्रेस भवन की पुरानी प्रेस मशीनो को शिफ्ट न करके उन्हे इस बिल्डिंग में प्रस्तावित इंण्ड्रस्ट्रियल म्यूजियम का ही हिस्सा बनाया जाए। सके लिए मशीनों के बारे में विस्तृत जानकारी एकत्रित करने के माथुर नें संबंधित अधिकारियो को निर्देश दिए।

शासकीय प्रेस महत्व ऐतिहासिक होने के साथ साथ औद्योगिक भवन के रूप में भी है इस भवन का मूल नाम अलीजा दरबार प्रेस था। बाद में शासकीय प्रेस के रूप में प्रयोग होने पर इसका नाम शासकीय प्रेस बिल्डिंग हो गया। जिनका उपयोग औद्योगिक युग में छपाई और सूचना भेजने के लिए किया जाता था। इस इमारत की संरचनाओं की एक अनूठी विशेषता है। इसके केंद्र में एक मूरिश आर्क है व केंद्रीय हाल बौबल ऊंचाई का है। इसमें उत्तर प्रकाश की व्यवस्था है। इमारत को पत्थरों की ऐशलर मिश्रित चिनाई से बनाया गया है।पूरे परिसर की साइंटिफिक क्लीनिंग की जाएगी। इमारत के जीर्ण-शीर्ण हिस्सो की मरम्मत कर नया बनाया जाएगा। छत की मरम्मत और वाटरप्रूफिंग कार्य किया जाएगा। चिनाई मरम्मत कार्य किया जाएगा।  स्ट्रक्चरल रेट्रोफिटिंग किया जाएगा। बिल्डिंग का साड व सतह के मररमत कार्य किया जाएगा। लकड़ी और धातु कार्य, अंदरूनी हिस्सों में इंटीरियर कार्य, प्लिंथ संरक्षण कार्य व जल निकासी कार्य किया जाएगा।