नगर निगम में आउटसोर्स भर्ती घोटाला...

उपायुक्त डॉ.प्रदीप श्रीवास्तव और कार्यालय अधीक्षक को हटाया

नगर निगम के आउटसोर्स भर्ती घोटाले में कार्रवाई करते हुए निगमायुक्त किशोर कन्याल ने सामान्य प्रशासन विभाग के उपायुक्त डॉ. प्रदीप श्रीवास्तव और प्रभारी कार्यालय अधीक्षक प्रभाकर द्विवेदी को यहां से हटा दिया है। इनके स्थान पर उपराजस्व निरीक्षक भागचंद कुंदवानी को परिषद अधीक्षक से हटाकर कार्यालय अधीक्षक बनाया गया है। उनके स्थान पर द्विवेदी की पदस्थापना की गई है। इसी प्रकार उपायुक्त का प्रभार प्रभारी उपायुक्त अमरसत्य गुप्ता को सौंपा गया है।

आउटसोर्स भर्ती घोटाले में 31 बेरोजगार युवाओं से एक से डेढ़ लाख के आरोप के घेरे में आए विनियमित कर्मचारी मयंक श्रीवास्तव को एसबीएम सेल से क्षेत्रीय कार्यालय क्रमांक आठ पर भेजा गया है। इसके द्वारा रिश्वत मांगने के मामले को लेकर एक वीडियो वायरल हुआ था। दो युवओं द्वारा आरोप लगाने के बाद अभी तक इस मामले की न तो कोई जांच हुई और न ही सख्त कार्रवाई। वहीं, अपर आयुक्त स्वास्थ्य के कार्यालय में पदस्थ विनियमित कर्मचारी धर्मेंद्र भदौरिया को क्षेत्रीय कार्यालय क्रमांक सात पर भेजा गया है। 

आउटसोर्स कर्मचारियों की भर्ती के मामले में इस पर भी आरोप लग रहे हैं। आउटसोर्स भर्ती घोटाले में जांच के दायरे में आ रहे सामान्य प्रशासन विभाग के अधिकारियों को हटाने की कार्रवाई मामला खुलने के लगभग 20 दिन बाद की गई है। इसके लिए गठित की गई जांच समिति को रिकार्ड उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी अब तक इन्हीं अधिकारियों के पास थी। इस मामले में अभी तक सामान्य प्रशासन शाखा के एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को ही निलंबित किया गया है। खास बात यह है कि मामला चर्चा में आने के बाद उपायुक्त श्रीवास्तव ने खुद ही आयुक्त को पत्र देकर विभाग से हटाने की मांग की थी, लेकिन इसके बाद भी कार्रवाई नहीं की गई। ऐसा माना जा रहा है कि एलीवेटेड रोड के शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल होने आ रहे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान सहित अन्य मंत्रियों का जमावड़ा देखते हुए निगम अफसरों ने आनन-फानन में कार्रवाई की गई है।