चेंबर ऑफ कॉमर्स का 117वां स्थापना दिवस कार्यक्रम…

संकल्पों को पूरा करने से ही सफलता मिलती है : केन्द्रीय मंत्री


ग्वालियर। 26 मई 2022 केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि लोकतंत्र में संस्था का अपना महत्व होता है। संस्था के रूप में जब हम सामूहिक संकल्प लेकर आगे बढ़ते हैं तो निश्चित ही सफलता मिलती है। केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर गुरुवार को चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के स्थापना दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज ने अपनी 116 बरस की सफल यात्रा मैं कई आयाम स्थापित किए हैं। यह इसलिए संभव हो सका कि जिन लोगों ने इसकी शुरुआत की उनका संकल्प मजबूत था और उनकी भावना पवित्र थी। 

केंद्रीय मंत्री ने इस मौके पर चेंबर ऑफ कॉमर्स के उन सदस्यों को भी याद किया जो अब इस दुनिया में नहीं हैं। कार्यक्रम का शुभारंभ केंद्रीय मंत्री श्री तोमर ने दीप प्रज्वलित कर किया। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस समय देश की आजादी की 75 वीं वर्षगांठ मनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि आजादी के 75 वी वर्षगांठ के शुभारंभ के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि यह समय अधूरे संकल्पों को पूरा करने का है। उन्होंने कहा कि जब हम इन संकल्पों को पूरा करने के लिए जुटेंगे तभी हम आजादी के सौवें बरस में आत्मनिर्भर और न्यू इंडिया बनेगा तथा दुनिया में भारत एक श्रेष्ठ भारत के रूप में स्थापित होगा। 

इस अवसर पर चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के अध्यक्ष विजय गोयल ने केन्द्रीय मंत्री श्री तोमर का स्वागत किया साथ ही चेंबर के कोषाध्यक्ष बसंत अग्रवाल ने चेंबर के इतिहास के बारे में बताया ही चेम्बर द्वारा किए गए विस्तृत कार्यक्रम की जानकारी भी दी इस अवसर पर चेंबर के उपाध्यक्ष पारस जैन मौजूद रहे कार्यक्रम का विस्तृत संचालन मानसेवी सचिव डॉ प्रवीण अग्रवाल ने किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में चेंबर ऑफ कॉमर्स के सदस्यगण आम व्यापारी सहित आमजन बड़ी संख्या में मौजूद रहे। उल्लेखनीय है कि चेंबर ऑफ कॉमर्स के 117 वें स्थापना दिवस पर आज रात देश के प्रख्यात गायक अल्ताफ रजा नाइट का भी आयोजन किया गया है।


 पूर्व अध्यक्ष जिनको सम्मानित किया गया -

1906-1910 लाला भिखारी दास वैश्य इनका सम्मान इनकी पुत्री गरिमा वैश्य और अनामिका अग्रवाल ने लिया। 

1915-1916 सेठ फूलचंद राजा वाले उनका सम्मान इनके परिजन अनूप सोगानी ने लिया। 

1943-1945 लालाराम दास वैश्य इनका सम्मान इनके परिजन सुजाता वैश्य ने लिया। 

1945-1991 बाबू दुर्गा प्रसाद मंडेलिया इनका सम्मान इनके ट्रस्ट के गोविंद देवड़ा ने लिया। 

1991-1996 श्रीकृष्णदास गर्ग काका इनका सम्मान इनके सुपुत्र राजकुमार गर्ग विजय गर्ग ने प्राप्त किया। 

1996-2000 डॉ वीरेंद्र गंगवाल स्वयं उपस्थित हुए और उनको सम्मानित किया गया। 

2000-2003 गोविंद दास अग्रवाल इनका सम्मान इनके सुपुत्र दीपक अग्रवाल ने लिया। 

2003-2007 सतीश अजमेरा इनका सम्मान इनकी धर्मपत्नी चंदा अजमेरा ने प्राप्त किया। 

2007-2011 जीडी लड्ढा स्वयं उपस्थित हुए और उन्हें सम्मानित किया गया। 

2011-2015 विष्णु प्रसाद गर्ग अस्वस्थ होने के कारण उपस्थित नहीं हुए इनका सम्मान उनके सुपुत्र मयंक गर्ग ने प्राप्त किया। 

2015-2019 अरविंद अग्रवाल विदेश यात्रा पर होने के कारण उपस्थित नहीं हुए इनका सम्मान उनके पुत्र आदयंत अग्रवाल ने प्राप्त किया।