तीन दिन बाद फिर चढ़ने लगेगा रात का पारा…

प्रदेश में उत्तरी हवाओं ने बढाई सिहरन

भोपाल। वर्तमान में कोई वेदर सिस्टम सक्रिय नहीं है। हवाओं का रुख भी उत्तरी और उत्तर-पूर्वी बना हुआ है। इसके चलते उत्तर भारत की तरफ से आ रही सर्द हवाओं के कारण राजधानी सहित मध्यप्रदेश के अधिकांश जिलों में न्यूनतम तापमान गिरे हुए हैं। हालांकि पूर्वी हवाओं के कारण दिन के तापमान में अधिक गिरावट नहीं हो रही है। 

मौसम विज्ञानियों के मुताबिक नौ नवंबर को एक पश्चिमी विक्षोभ के उत्तर भारत में दाखिल होने के आसार हैं। इसके बाद हवाओं का रुख एक बार फिर बदलने लगेगा। इससे रात के तापमान में कुछ बढ़ोतरी होने लगेगी। मौसम विज्ञान केंद्र के मौसम विज्ञानी पीके साहा ने बताया कि उत्तर भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ आगे बढ़ गया है। 

इसके प्रभाव से हरियाणा और उसके आसपास बना चक्रवात भी समाप्त हो गया है। इससे हवाओं का रुख उत्तरी होने लगा है। इसके चलते वातावरण में सिहरन बढ़ गई है। रात के तापमान में भी गिरावट हो रही है। साहा के मुताबिक नौ नवंबर को एक पश्चिमी विक्षोभ के फिर उत्तर भारत में प्रवेश करने की संभावना है। उसके प्रभाव से बनने वाले चक्रवात के कारण एक बार फिर हवाओं का रुख बदलेगा।