कश्मीर में भी अफ़ग़ानिस्तान जैसे उलटफेर की चेतवानी !

अमेरिका की अफगानिस्तान में जैसी हालत हुई, वैसी ही कश्मीर में भारतीय सेना की होगी : महबूबा

श्रीनगर। पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ़्ती ने केन्द्र की बीजेपी सरकार को धमकी देते हुए कहा कि जैसी हालत अमेरिका की अफगानिस्तान में हुई वैसी ही कश्मीर में भारतीय सेना की होगी. मुफ़्ती ने कुलगाम में एक जन सभा में अफ़ग़ानिस्तान का हवाला देते हुए कश्मीर में भी ऐसे ही उलटफेर की चेतवानी देते हुए अमरीकी सेना जैसा हाल होने की बात कही है. महबूबा के अनुसार पिछले कुछ समय से जिस तरह जम्मू-कश्मीर में लोगों का दमन किया गया है और लोगों के सभी अधिकार छीने गए. उसकी प्रतिक्रिया में लोगों का गुस्सा फूटा तो कश्मीर में भारतीय सेना का भी वही हश्र होगा जो अफ़ग़ानिस्तान में अमेरिका का हुआ. उन्होंने कहा कि एक चींटी अगर हाथी की सूंड में घुस जाए तो हाथी का जीना हराम करती है. कश्मीरी बुजदिल नहीं और बन्दूक उठाने में कोई बहादुरी नहीं, लेकिन जिस दिन यहां के लोगो के बर्दाश्त का बांध टूटा उस दिन आप भी नहीं रहोगे. 

केंद्र सरकार पर कश्मीरी लोगो की आवाज़ दबाने का आरोप लगाते हुए महबूबा ने कहा कि सरकार इम्तिहान ना लें और कश्मीर को लेकर अपनी नीति को बदल कर वाजपायी के दिखाए रस्ते पर चल कर दोबारा जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा वापस लौटा कर, जम्मू-कश्मीर समस्या का समाधान ढ़ूंढ़ने के लिए दोबारा सभी पक्षों से बात चीत शुरू करें. कांग्रेस की तारीफ करते हुए  मुफ्ती ने कहा कि कांग्रेस ने इस मुल्क को बचाए रखा. गलतियां उनसे भी हुई लेकिन देश को एक रखा. लेकिन पिछले 6-7 सालो में जो कुछ देश में हो रहा है उस से यही लगता है कि बीजेपी हिंदुस्तान के टुकड़े टुकड़े कराना चाहती है.  नेहरू की तारीफ करते हुए महबूबा मुफ़्ती ने कहा कि जम्मू कश्मीर का विलय हिंदू बहुल भारत के साथ पंडित नेहरू के कारण हुआ अगर उस समय बीजेपी होती तो कश्मीर भारत के साथ नहीं मिलता. 

बीजेपी नेता रविंद्र रैना ने कहा है कि महबूबा मुफ्ती किसी बहुत बड़ी गलतफहमी में हैं. भारत एक बहुत ताकतवर देश है और हमारे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी है. यहां तालिबानी हो अलकायदा हो,जैश हो या हिजबुल हो, जो भी देश के खिलाफ साजिश करेगा, उसे मलिया मेट करके रख दिया जाएगा. हमारे देश के प्रधानमंत्री मोदी जी हैं कोई जो बाइडन नहीं हैं. रविंद्र रैना ने आगे कहा, ‘’यहां ऐसा नहीं होगा कि तालिबान आएगा और अमेरिका की तरह भारत अफगानिस्तान छोड़ देगा, ऐसा कुछ नहीं होने वाला. मिट्टी में मिलाकर रख देंगे. जो भी हमारी देश की एकता और अखंडता को चैलेंज करेगा उसे मिट्टी में मिलाकर रख देंगे. महबूबा मुफ्ती ने बहुत बड़ा अपराध और देशद्रोह का काम किया है. मुफ़्ती की जमीन खिसक गई है. उनको जम्मू कश्मीर की जनता ने रिजेक्ट कर दिया, इसलिए उनको तालिबान याद आ रहा है. तालिबान को हमने 1990 में भी जम्मू कश्मीर में देखा था.’’