पीथमपुर में हुए गोलीकांड का पर्दाफाश…
ट्रांसपोर्ट व्यापारी पर गोली चलाने वाले तीन आरोपी गिरफ्तार

धार। पुलिस अधीक्षक आदित्य प्रतापसिहं ने बताया कि आज से पाँच दिन पूर्व सागोरकुटी ब्रिज के पास प्रभातम कॉलोनी बेटमा रोङ में रहने वाले ट्रांसपोर्ट व्यापारी राजेन्द्र पिता रघुवर औझा उम्र 38 साल को अपने घर से जय हनुमान ट्रांसपोर्ट आफिस पटेल काम्पलेक्स सेक्टर 3 पीथमपुर जाते समय सुबह करीब पौने ग्यारह बजे बिना नबंर की मोटर साईकल से आये दो अज्ञात बदमाशो ने हत्या करने के ईरादे से गोली मार दी थी, और भाग गये थे। दिनदहाङे हुई इस सनसनी खेज घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने घटना स्थल पर पहुँचकर घटना स्थल का निरीक्षण किया व आरोपियों को शीघ्र पकङने के लिये नगर पुलिस अधीक्षक पीथमपुर के नेतृत्व में एक टीम का गठन किय़ा जिसमें थाना प्रभारी पीथमपुर, थाना प्रभारी सेक्टर-1 चन्द्रभान सिहं चढार, सागोर थाना प्रभारी प्रतीक शर्मा और क्राईम ब्रांच प्रभारी संतोष पाण्डेय और तीनो थाने का पुलिस बल रखा गया। पुलिस ने लगातार आरोपियों की खोजबीन के अथक प्रयास किये। घटना स्थल के आसपास, बेटमा रोङ और अन्य जगहो के फुटेज खंगाले गये। 

पुलिस टीम द्वारा 18 स्थानो पर सीसीटीवी फुटेज देखे गये तो एक हीरो होंडा शाईन मोटरसाईकल पर दो अज्ञात बदमाश पुलिस को दिखाई दिये साथ ही यह भी मालूम हुआ कि हमलावर फरियादी की तरफ सागौरकुटी ब्रिज के रांग साईड से गये थे और वापस उसी तरफ भागे। पुलिस टीम द्वारा घटना के पूर्व के भी फुटेज देखे गये तो घटना से दो दिन पूर्व शनिवार व रविवार को फरियादी राजेन्द्र ओझा का पीछा करते हुए दो बदमाश दिखाई दिये थे। जिनका हुलिया और कपडो के आधार पर तलाशने के लिए पुलिस टीमें आसपास क्षेत्रो व इंदौर में भी बदमाशो की तलाश करने के लिए भेजी गयी। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि ट्रांसपोर्ट का व्यवसाय करने वाले भागीरथपुरा निवासी मुकेश यादव के लडके सौरभ उर्फ गोपाल उर्फ गोपी यादव और उसके साथी मोंटी सिंह ने राजेन्द्र औझा के उपर गोली चलाई है। 

मुखबिर से सूचना के आधार पर पुलिस ने उक्त आरोपियों की तलाश उनके घरो पर की तो नही मिले तभी पुलिस को सूचना प्राप्त हुई कि गोपी यादव और मोंटी सिंह बेटमा रोड से इंदौर की तरफ जा रहे है। उक्त सूचना के आधार पर पुलिस टीमों द्वारा बेटमा रोड पहुँचकर घेराबंदी की गई तो पुलिस को देखकर दोनो आरोपियों ने मोटरसाईकल से भागने की कोशिश की और सड़क पर गिर गये। जिससे दोनो बदमाशों को हाथ व पैर में चोटे आई है। पुलिस ने उक्त दोनो व्यक्तियों को पकड़कर पूछताछ की तो उनके द्वारा घटना करना स्वीकार किया गया। पुलिस द्वारा आरोपी सौरभ उर्फ गोपी उर्फ गोपाल पिता मुकेश यादव उम्र 26 साल निवासी भागीरथपुरा इंदौर और मोंटी सिंह पिता सुरेन्द्रपाल सिंह उम्र 27 साल निवासी भागीरथपुरा इंदौर को गिरफ्तार कर घटना में उपयोग की गई बिना नंबर की शाईन मोटरसाईकल जप्त की गई। आरोपियों से पूछताछ की गई तो आरोपी सौरभ उर्फ गोपाल ने बताया कि उसके पिता मुकेश यादव का यादव रोडलाईंस के नाम से ट्रांसपोर्ट है, और ट्रांसपोर्ट की गाड़ियां पीथमपुर स्थित स्टील कंपनियों से स्टील लोड करती है, उन्ही कंपनियों से राजेन्द्र ओझा के जय हनुमान ट्रांसपोर्ट की गाडिया भी स्टील लोड करती है। 

राजेन्द्र ओझा कम रेट पर माल लोड करता है। इस कारण से हमारी गाडियां नही लग पाती है। जिससे लगातार घाटा हो रहा था तो मेरे पिता मुकेश यादव ने मुझसे कहा कि राजेन्द्र ओझा को निपटा दो तो फिर मैने मेरे दोस्त मोंटी सिंह और अजय चौहान को बताया और हम दोनो ने मिलकर राजेन्द्र ओझा को मारने की योजना बनाई। घटना से दो दिन पूर्व 20 जून को मै, अजय चौहान के साथ पीथमपुर आया और राजेन्द्र औझा के घर से ट्रांसपोर्ट जाने की रैकी की और अजय चौहान को राजेन्द्र ओझा और उसकी मोटरसाईकल की पहचान करवाई यही काम रविवार को भी किया। 

फिर योजना के मुताबिक घटना वाले दिन सोमवार को अजय चौहान प्रभातम कॉलोनी के रास्ते पर मोटसाईकल से पहुँचा। मै और मोंटी सिंह पीथमपुर के रास्ते से सागौरकुटी ब्रिज के पास जाकर राजेन्द्र ओझा का इंतजार करने लगे कुछ समय बाद अजय चौहान ने मोबाईल पर सूचना दी कि राजेन्द्र ओझा अपने घर से निकल गया है उसके द्वारा उसकी मोटरसाईकल का नंबर MP04-QS-9543 भी फोन पर बताया राजेन्द्र औझा मोटरसाईकल से आकर सागौरकुटी ब्रिज के पास पहुँचा तभी उसे रोककर मोंटी सिंह ने उसके उपर गोली चला दी और पीथमपुर धन्नड होकर इंदौर की तरफ भाग गये। जाँच के दौरान पुलिस द्वारा आरोपी मोंटी सिंह से 315 बोर का देशी कट्टा चला हुआ कारतूस और एक जिंदा राउंड व आरोपी सौरभ उर्फ गोपी से एक चाकू और घटना में प्रयुक्त की गई मोटरसाईकल को जप्त किया गया है। 

आरोपी अजय चौहान को गिरफ्तार कर उससे घटना में प्रयुक्त हीरो होंडा मोटरसाईकल जप्त की गई है। मुकेश यादव घटना का मुख्य षडयंत्रकारी होने से मुकेश यादव पिता रामप्रसाद यादव को धारा 120बी भादवि के तहत आरोपी बनाया गया है। आरोपी मुकेश यादव के विरुद्ध थाना बाणगंगा में मारपीट के कई मामले दर्ज है। मोंटी सिंह के विरुद्ध बलात्कार का प्रकरण दर्ज है। पुलिस द्वारा इस सनसनीखेज गोलीकांड के खुलासे में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक देवेन्द्र पाटीदार के मार्गदर्शन, नगर पुलिस अधीक्षक हरिश मोटवानी के नेतृत्व में पीथमपुर थाना प्रभारी तारेश सोनी, सेक्टर 1 थाना प्रभारी चन्द्रभान सिहं चढार, सागोर थाना प्रभारी प्रतीक शर्मा और क्राईम ब्रांच प्रभारी संतोष पाण्डेय, स.उ.नि. धीरजसिंह, प्रआर.  रामसिंह, आर. बलराम, संग़ाम, राहुल बांगर, नवीन, सायबर ब्रांच से आर. प्रशांत, शुभम, आदर्श, पीथमपुर थाने से प्र.आर. अनिल राजावत, आर लोकेश शुक्ला, आर दिलीप यादव, आर करन कौशल, आर विशाल भदकारे का महत्वपुर्ण योगदान रहा। 
 
आरोपियों के नाम 
सौरभ उर्फ गोपाल उर्फ गोपी पिता मुकेश यादव उम्र 26 साल निवासी भागीरथपुरा इंदौर
मोंटी सिंह पिता सुरेन्द्रपाल सिंह उम्र 27 साल निवासी भागीरथपुरा इंदौर 
अजय चौहान पिता भोला चौहान उम्र 23 साल निवासी भागीरथपुरा इंदौर   
मुकेश यादव पिता रामप्रसाद यादव उम्र 47 साल निवासी भागीरथपुरा इंदौर हैं।