देश में सर्वोच्च स्थान पर लाना है…

फरवरी को "स्वच्छता संकल्प माह" के रूप में मनाया जाएगा : CM शिवराज

 

ग्वालियर। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के निर्देशानुसार फरवरी-2022 को "स्वच्छता संकल्प माह" के रूप में मनाया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा है कि "स्वच्छता संकल्प माह" का उद्देश्य स्वच्छ सर्वेक्षण-2022 की तैयारी पूरी कर प्रदेश को देश में सर्वोच्च स्थान पर लाना है। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने बताया है कि "स्वच्छता संकल्प माह" एक से 28 फरवरी तक आयोजित होगा। उन्होंने कहा है कि मुख्यमंत्री श्री चौहान ने स्वच्छ सर्वेक्षण-2022 में प्रत्येक निकाय को ओडीएफ++ प्रमाणीकरण प्राप्त करने, गार्बेज-फ्री सिटी की स्टार रेटिंग में नगर निगमों को 5-स्टार तथा अन्य नगरीयनिकायों को न्यूनतम 3-स्टार प्राप्त करने के निर्देश दिये हैं।

साथ ही स्वच्छ सर्वेक्षण की प्रेरक दौड़ श्रेणी में सभी निकायों को कम से कम गोल्ड/सिल्वर प्राप्त करने के निर्देश भी दिये हैं। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री सिंह ने कहा है कि स्वच्छ सर्वेक्षण-2022 में जिला कलेक्टरों को भी पुरस्कृत किया जाना है। उन्होंने निर्धारित कैलेंडर अनुसार स्वच्छता से संबंधित सभी गतिविधियाँ 28 फरवरी के पहले सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं। श्री सिंह ने कहा है कि स्वच्छ सर्वेक्षण अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के लिये सभी नगरीय निकायों में 26 जनवरी से "स्वच्छ प्रतिष्ठान" सर्वेक्षण भी शुरू किया गया है। "स्वच्छता संकल्प माह-2022" के लिये जारी कैलेंडर में एक से 5 फरवरी तक थीम स्टार रेटिंग, 6 से 10 फरवरी तक ओडीएफ++, 11 से 15 फरवरी तक सिटीजन फीडबैक और एंगेजमेंट, 16 से 20 फरवरी तक समस्त अधो-संरचना निर्माण गतिविधियाँ आयोजित की जाएँगी।

इस दौरान 16 से 20 फरवरी तक एफएसटीपी का मटेरियल रिकवरी केन्द्रों, कम्पोस्टिंग इकाइयों और सामुदायिक तथा सार्वजनिक शौचालयों का निर्माण कार्य पूरा किया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान द्वारा 21 से 25 फरवरी तक संवाद, समीक्षा एवं अधो-संरचनाओं का लोकार्पण, 25 से 27 फरवरी तक स्वच्छ सर्वेक्षण और 28 फरवरी को समापन गतिविधि की जायेगी। समापन दिवस पर नगरीय निकायों की टीम कचरा संग्रहण वाहनों के साथ नगर में भ्रमण करेगी। यह दिन पृथक्कीकृत कचरा संग्रहण दिवस के रूप में आयोजित किया जाएगा। साथ ही वार्डों में कचरा संग्रहण वाहनों के चालकों और सहयोगियों को शॉल, श्रीफल से सम्मानित किया जाएगा।