छात्रों के समर्थन में आए मायवती-पप्पू…

रेलवे भर्ती परीक्षा पर गरमाई सियासत !

 

आरआरबी-एनटीपीसी परीक्षा को लेकर मचे बवाल में छात्रों को भड़काने के आरोप में कार्रवाई शुरू हो गई है. बिहार की राजधानी पटना में खान सर समेत कई कोचिंग संस्थानों के 6 शिक्षकों पर एफआईआर दर्ज की गई है. वहीं, जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व सांसद पप्पू यादव छात्रों और शिक्षकों के समर्थन में उतर आए हैं. उन्होंने कहा कि आरआरबी एनटीपीसी आंदोलन मामले में शिक्षकों पर केस दुर्भाग्यपूर्ण है. इसके अलावा उन्होंने कहा कि किसी को गिरफ्तार करने से पहले उन्हें गिरफ्तार किया जाए. शिक्षकों पर हुई एफआईआर को लेकर पप्पू यादव ने कहा कि जब आप शिक्षकों पर केस करने की हिम्मत करते हैं तो पप्पू यादव पर क्यों नहीं करते हैं? आप एक लाठी या एक गोली चलाएंगे तो पहली गोली मेरे सीने में होगी.  

आप इस बात को समझें, इसलिए यह कहना चाहूंगा कि आप शिक्षकों पर किए गए केस को वापस लें. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि, अगर गिरफ्तार करने की कोशिश की तो सड़क पर उतर आऊंगा. उन्होंने आगे कहा कि, पहली गिरफ्तारी पप्पू यादव की होगी हिम्मत है तो गिरफ्तार करें. कांग्रेस प्रवक्ता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि, जिस तरह से छात्रों पर लाठी बरसते हुए देखा गया ये युवा पीढ़ी के साथ साजिश हो रही है. सवा करोड़ युवाओं ने D ग्रेड भर्ती के लिए फॉर्म भरे लेकिन नियुक्ति नहीं हुई. फरवरी 2019 में नोटिफिकेशन आया अब पता चला कि परीक्षा के नियम बदलने की बात हो रही है. परीक्षाओं को लटकाने का काम युवा पीढ़ी भुगत रही है. उन्होंने आगे कहा कि, हर साल 2 करोड़ रोजगार का वादा था 14 करोड़ नौकरियां गईं है.

रेलवे परीक्षा कराने की असफल हुआ है. सुप्रिया श्रीनेत ने आगे कहा कि, कांग्रेस और राहुल जी का कहना है कि ये देश गांधी का है. अहिंसा से बड़े-बड़े शासक झुके हैं. किसान आंदोलन ताजा उदाहरण है. रेल रोको आंदोलन को हमारा समर्थन लेकिन हिंसा की जगह नहीं हो. उन्होंने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि, युवाओं के साथ वादाखिलाफी हो रही है. उन्हें रोजगार चाहिए सरकार हर बात कर रही है लेकिन नौकरी का आश्वासन नहीं दिया जा रहा. सरकार का काम लाठी बरसाना नहीं संवाद करना है. आंदोलन करने से सरकार किसी को नहीं रोक सकती. उन्होंने कहा कि हम कल के आंदोलन का समर्थन करते हैं

सरकार के अहंकार की हार होगी. बीएसपी अध्यक्ष मायावती ने भी ट्वीट कर कहा कि, पहले यूपीटीएनटी और अब रेलवे के आरआरबी-एनटीपीसी रिजल्ट को लेकर यूपी बिहार में कई दिनों से भारी हंगामा जारी है. यह सरकारों की विफलताओं का ही नतीजा है. गरीब युवाओं बेरोजगार नौजवानों के भविष्य के साथ ऐसे खिलवाड़ और विरोध करने पर उनकी पिटाई दुर्भाग्यपूर्ण है. मायावती आगे कहा कि, सरकार की गलत नीतियों के कारण गरीबी बेरोजगारी चरम पर पहुंच गई है. सरकारी नौकरी उनमें आरक्षण की सुविधा गौण हो गई है. ऐसे में वर्षों से छोटी सरकारी नौकरियों के लिए परीक्षा भी सही से नहीं होना अन्यायपूर्ण है.

बीजेपी युवाओं से पकोड़ा बिकवाने का अपना संकीर्ण विज़न बदले. रेलवे भर्ती बोर्ड की गैर तकनीकी लोकप्रिय श्रेणियों (आरआरबी-एनटीपीसी) परीक्षा 2021 परिणाम के विरोध में छात्रों ने कर बिहार और यूपी में विरोध प्रदर्शन किया, जो अन्य हिस्सों में फैल गया. इस दौरान छात्रों की पुलिस के साथ भी झड़प हुई. विरोध प्रदर्शन के कारण कई ट्रेनों को रद्द कर दिया गया. विरोध-प्रदर्शन की घटनाएं पटना, नवादा, मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी, बक्सर और भोजपुर जिलों से हुईं. कुछ जगहों पर गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने रेलवे ट्रैक को जाम कर दिया और सुरक्षा बलों से भिड़ गए और रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचाया.  

साथ ही छात्रों ने बिहार में गया रेलवे जक्शन के आउटर सिग्नल पर खड़ी एमटी ट्रेन के कोच में आग लगा दी है. आग इतनी भयंकर लगी कि धुएं का गुबार देखने को मिला. प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि 2019 में जारी आरआरबी अधिसूचना में केवल एक परीक्षा का उल्लेख किया गया था. उन्होंने अधिकारियों पर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया. परीक्षा परिणाम 15 जनवरी को घोषित होने के बाद इस मामले ने तूल पकड़ा है. उस समय रेल मंत्रालय ने एक स्पष्टीकरण जारी किया था, जिसमें कहा गया था कि अधिसूचना में दूसरे चरण की परीक्षा का स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया था. सीबीटी के पहले चरण की परीक्षा सभी उम्मीदवारों के लिए एक सामान्य परीक्षा थी.

आरआरबी एनटीपीसी की परीक्षा के परिणाम को लेकर भड़के छात्रों को देखते हुए और कई जगह ट्रेन रूट बाधित को देखते हुए भभुआ रोड रेलवे स्टेशन पर आरपीएफ, जीआरपी के साथ भारी संख्या में स्थानीय पुलिस बल तैनात हो गई है. पूरे रेलवे स्टेशन परिसर में पुलिस फ्लैग मार्च कर रही है जिससे कि यात्रियों को और ट्रेनों के रूट को कोई परेशानी ना हो. दरअसल अनियमितता का आरोप लगाते हुए आरआरबी एनटीपीसी छात्रों ने जगह-जगह ट्रेनों को रोक रखा है. कुछ जगहों पर ट्रेनों में तो आगजनी भी की गई है. वैसे हालात से निपटने को लेकर रेलवे विभाग ने कई ट्रेनों के रूट को परिवर्तित कर दिया है.  

वही पंडित दीनदयाल और गया रेलखंड के बीच भभुआ रोड रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को कोई परेशानी ना हो और ट्रेनों के परिचालन में कोई बाधा उत्पन्न ना हो इसको देखते हुए जीआरपी, आरपीएफ और लोकल थाना लगातार रेलवे स्टेशन पर फ्लैग मार्च कर रही है. उनके नजर में आए शरारती या उपद्रवी लोगों को तुरंत हटाने का काम कर रही है. जानकारी देते हुए अधिकारी ने बताया छात्रों द्वारा रेल ट्रैक जाम होने की सूचना पर जीआरपी, आरपीएफ और लोकल पुलिस भभुआ रोड रेलवे स्टेशन पहुंचकर फ्लैग मार्च कर रही है. किसी को परेशानी ना हो और रूट बाधित ना हो इसको लेकर लगातार कार्य किया जा रहा है. जैसा की सूचना मिली थी कि छात्र आरआरबी, एनटीपीसी परीछा से नाराजगी को लेकर रेलवे ट्रैक जाम कर रहे हैं. इसको देखते हुए भभुआ रोड रेलवे स्टेशन की सुरक्षा बढ़ाई गई है.