लूटा गया माल व घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल बरामद

नशे की लत ने बनाया लुटेरा, वारदातों का खुलासा कर पुलिस ने किया गिरफ़्तार

 

तीन दिन पहले एक घंटे में ताबड़तोड़ लूट की दो वारदात करने वाले बाइक सवार दोनों बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि लुटेरों तक पहुंचने के लिए पुलिस को 70 के लगभग CCTV कैमरे खंगालने पड़े। दोनों लुटेरों ने हाल ही में 3 वारदात करना कुबूल कर लिया है। वह पेशेवर लुटेरे हैं। कोई को शक नहीं हो इसलिए सामान्य समय में वह ऑटो चलाते हैं। पर जैसे ही गांजा का नशा उतरता और रुपए कम पड़ते थे तो वह बाइक उठाकर सड़कों पर लूट करने निकल जाते थे। दोनों की उम्र 25 साल से कम है। जब पुलिस ने इनको हिरासत में लेकर पूछताछ की तो यह नशे में थे, लेकिन उन्होंने झांसी रोड क्षेत्र की दो और विश्वविद्यालय इलाके की 1 लूट की वारदात कुबूल की है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर रही है। 

झांसी रोड में नाका चन्द्रवदनी के पास बाइक सवार बदमाशों ने एक वृद्ध महिला विद्यादेवी पर झपट्टा मारकर मंगलसूत्र लूटा था। लूट के बाद घटना स्थल के सामने लगे CCTV कैमरे के फुटेज तत्काल पुलिस को मिले थे। जिसमें दिख रहा था कि बदमाश झपट्टा मारते समय अनियंत्रित होकर गिरे थे। साथ ही महिला से उनकी बहस भी हुई थी। फुटेज देखकर पुलिस अफसरों को यह बात तो साफ हो गई थी कि गैंग कोई नया है और अभी लूट में उतनी महारथ हासिल नहीं है। इसके बाद ASP शहर राजेश डंडौतिया के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी झांसी रोड मिर्जा आसिफ बेग, सब इंस्पेक्टर संतोष सिंह भदौरिया ने फुटेज लेकर अपनी टीम के साथ छानबीन शुरू की। करीब दो किलोमीटर के एरिया में करीब 70 के लगभग CCTV कैमरे खंगाले तो कुछ और फुटेज मिले। बाइक सवार माड़रे की माता मंदिर की तरफ जाते दिखे। पुलिस को एक रूट मिला। 

उस पर काम करने के बाद पुलिस ने फुटेज के आधार पर दो संदेहियों को उठाया। जिन्होंने कुछ देर बाद पुलिस के सामने पूरी वारदात को कुबूल कर लिया है। लुटेरों ने शहर की 3 वारदात करना कुबूल किया है। लुटेरों की पहचान अनिकेत परिहार निवासी मांडरे की माता मंदिर के पास, निष्कर्ष कडेरे निवासी हजीरा चार शहर का नाका के रूप में हुई है।  लुटेरों ने पुलिस हवालात में बैठे-बैठे अपने सारे राज खोल दिए हैं। उनका कहना है कि एक साल पहले उनकी दोस्ती झांसी रोड के ऑटो स्टैंड पर हुई थी। वह दोनों ही ऑटो चलाते थे। वहीं गांजा और स्मैक के नशे की लत लगी और इसी लत ने दोनों को एक दूसरे का गहरा दोस्त बना दिया। फिर इसी नशे के लिए दोनों वारदात करने लगे। बीते 15 दिन में शहर में तीन वारदातों को अंजाम दिया है। 

आगे की प्लानिंग और भी खतरनाक थी। दोनों पकड़े नहीं जाते थे तो ताबड़तोड़ लूट की वारदात करना थी। बुजुर्ग महिलाओं को रोककर पता पूछना और फिर वारदात को अंजाम देना इनकी स्टाइल थी। पकड़े गए बदमाशों से पूछताछ के बाद 11 सितंबर को हुई 60 वर्षीय विद्या देवी पत्नी एचबी साहू निवासी यादव कॉलोनी से मंगलसूत्र लूटना कुबूल किया है। साथ ही बताया कि इसी वारदात से आधा घंटा पहले उसी इलाके में संगीता पत्नी गोपाल कुशवाह निवासी टापू वाला मोहल्ला से भी लूट की थी। एक वारदात विश्वविद्यालय इलाके में उपायुक्त भदौरिया के बंगले के पास 31 अगस्त की शाम अर्चना पाराशर पत्नी पंकज पाराशर निवासी न्यू गोविन्द पुरी से की थी। उसके भी मंगलसूत्र और बाला लूटे थे।