सस्ती पेट्रोल पीके क्या खाक बच पाएंगे !

अफगानिस्तान की घटना से सभी भारतीय लें सबक…

सारा व्यापार घर और बैंक बैलेंस यंही रह जाता जब तक राष्ट्र मजबूत नही तब तक रिफ्यूजी की जिंदगी है, व्यक्तिगत स्वार्थ के ऊपर है राष्ट्र। राजनेताओ का परिवार तो आराम से निकल जाते है  रह जाता हैं आम आदमी, अतः देशद्रोही सोच वाले तक का सामुहिक बहिस्कार हो। अफगानिस्तान के राष्ट्रपति के पास सब कुछ था, पद, पैसा, पावर... 

लेकिन अंत मे इस्तीफा दे के भागने के सिवा और कोई चारा नही बचा । तो हम और आप सस्ती पेट्रोल पी के क्या खाक बच पाएंगे ? अब भी समय है सस्ती पेट्रोल के लालच में अपने धर्म और राष्ट्र के साथ साथ अपनी पीढ़ियों के भविष्य के साथ खेलवाड़ मत करो और मोदी जैसे नेतृत्व का साथ दो। हमारे लिए जितना खतरा बाहर से है उतना ही अंदर भी।

हिंदुस्तान को बार-बार नमन करिये-

सलाम करिये यहाँ की मिट्टी को चूमिये, इस पनागाह मे जितना सुकून है, शांति है, गर्व है दुनिया मे कहीं नहीं है। हर एक एक भारतीय को भारत को नमन करना चाहिए। हर एक एक भारतीय को हिंदुस्तान की मिट्टी को चुमकर सालूट करना चाहिए। अफगानिस्तान और तालिबानी भी सारे के सारे एक ही समाज के लोग हैं, फिर ये लोग क्यो अपना देश अपना परिवार छोड़कर क्यो भग रहे हैं। इतनी दहशत इतना जुल्म, मुझे गर्व है कि मैं एक भारतीय हूं और आप सभी को भी गर्व होना चाहिए कि हम भारत के वासी हैं। भारत माता की जय । जय हिन्दुस्तान।