गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने जन्माष्टमी के मौके पर किया एलान…

कैदियों को उनकी सजा में मिलेगा 30 दिन का क्षमादान

श्री कृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर मध्यप्रदेश सरकार ने प्रदेश की जेलों में बंद कैदियों को सजा में 30 दिन के क्षमादान का एलान किया है। यह क्षमादान उन बंदियों को नहीं मिलेगा, जो दुष्कर्म जैसे गंभीर अपराधों के दोषी हैं। भोपाल सेंट्रल जेल में आयोजित जन्माष्टमी कार्यक्रम में शामिल होने के बाद राज्य के गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने यह घोषणा की। पत्रकारों से चर्चा में मिश्रा ने बताया कि यह राहत उन बंदियों को नहीं मिलेगी, जो बलात्कार जैसे जघन्य मामलों के दोषी हैं।  

मिश्रा ने बताया कि हर साल प्रदेश की जेलों में उपवास रखने वाले बंदियों को फलाहार और अन्य बंदियों को पकवान दिया जाएगा। भोपाल सेंट्रल जेल में कैंटीन को जल्द फिर शुरू किया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान जेल के बंदियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम में हिस्सा लिया। कार्यक्रम में मप्र के चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग व भोपाल की सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर भी मौजूद थीं। गृह मंत्री मिश्रा ने यह भी कहा कि 10,000 कैदियों की जमानत के लिए प्रस्ताव सरकार को भेजा है। इसके अलावा 5000 कैदियों को पैरोल भी दिया जाएगा। 

नरोत्तम मिश्रा जेल में कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा, 'मैं राजनीतिक कारण से किसी न किसी रूप में जेल में रहा हूं, इसलिए मैं जेलों के बारे में थोड़ा बहुत जानता हूं। जो जेल में आ जाता है जिसे सजा हो जाती है, उसमें काफी छटपटाहट रहती है। वह अज्ञात आशंकाओं में झूलता रहता है और किसी भी तरह बाहर जाना चाहता है। भोपाल की सांसद प्रज्ञा ठाकुर ने कार्यक्रम में कहा कि सांसद निधि से सेंट्रल जेल में वाटर कूलर लगाए जाएंगे। वार्ड में जितने कैदी होंगे, उनकी संख्या के अनुसार वाटर कूलर लगाए जाएंगे।