बचाव का एक मात्र उपाय है वैक्सीन !

प्रशासनिक अधिकारीयों को लगा कोविड का दूसरा डोज़

 ग्वालियर। कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन ही आखिरी सहारा है। जो लोग अभी इस वैक्सीन के लिए योग्य हैं वह समय रहते वैक्सीन लगवा लें, क्योंकि अभी कोरोना का खतरा कम नहीं हुआ है। यह बात संभागीय आयुक्त आशीष सक्सेना कलेक्टर ग्वालियर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने शनिवार को जेएएच के वैक्सीन सेंटर पर कही है। उन्होंने वैक्सीन का दूसरा डोज भी लगवा लिया है। अब 14 दिन बाद उनके शरीर में कोरोना वायरस से रक्षा करने वाले एंटी बॉडी तैयार होंगे। वैश्विक महामारी कोरोना से बचाव का एक मात्र उपाय वैक्सीन ही है। जिले में वैक्सीनेशन का तीसरा चरण चल रहा है।

हेल्थ वर्कर्स, फ्रंटलाइन वर्कर्स के बाद अब सीनियर सिटीजन और 45 से 59 वर्ष की उम्र के बीच में गंभीर बीमारी वाले लोगों को वैक्सीन लगाई जा रही है। जिले में 17 से 18 सेंटर पर प्रतिदिन वैक्सीन लगाई जा रही है। इसमें शासकीय और प्राइवेट दोनों तरह के अस्पताल शामिल हैं। शनिवार को जेएएच के वैकसीनेशन सेंटर पर संभागीय आयुक्त ग्वालियर आशीष सक्सेना कलेक्टर ग्वालियर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह, नगर निगम आयुक्त शिवम वर्मा, स्मार्ट सिटी सीईओ जयति सिंह अन्य वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारी पहुंचे। यह वैक्सीन का दूसरा डोज लगवाने पहुंचे थे।

 पहला डोज इन्होंने 30 दिन पहले फरवरी में लगवाया था। जेएएच के सेंटर पर पहुंचकर संभागीय आयुक्त और कलेक्टर ने वैक्सीन का दूसरा डोज लिया। इसके बाद उन्होंने अस्पताल के प्रबंधन से चर्चा की। वैक्सीनेशन सेंटर पर संभागीय आयुक्त आशीष सक्सेना कलेक्टर कौशलेन्द्र विक्रम सिंह ने वहां पहुंचे बुजुर्गों से भी बात की है। लोगों से जाना कि उनको वैक्सीन सेंटर पर कोई परेशानी तो नहीं हो रही है। इस पर लोगों ने रजिस्ट्रेशन से जुड़ी समस्याओं की ओर इशारा किया है।

इस पर कलेक्टर ने जेएएच प्रबंधन से कहा है कि बुजुर्गों को रजिस्ट्रेशन में परेशानी हो इसके लिए एक से ज्यादा टेबल भी रख सकते हैं। कोरोना का खतरा अभी कम नहीं हुआ है। मार्च महीने के पहले 12 दिन में हर दिन के साथ कोरोना संक्रमितों की संख्या बढ़ती जा रही है। 1 मार्च से 12 मार्च के बीच 152 कोरोना संक्रमित जिले में मिले हैं। बीते दो दिन में 51 संक्रमित मिले हैं। इसलिए कलेक्टर ने बैठक लेने के बाद सड़क पर बिना मास्क निकलने वालों पर जुर्माना वसूलने के निर्देश दिए हैं।