खण्ड स्तर के अधिकारियों को निराकरण के निर्देश…

जनसुनवाई में कलेक्टर ने सुनी 111 आवेदनकर्ताओं की समस्याएं

 

मुरैना। प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी जनसुनवाई लोंगो के लिये दिन प्रतिदिन वरदान साबित हो रही है। क्योंकि जो लोग कलेक्टर से रूबरू होकर अपनी समस्या को अवगत नहीं करा पाते थे, वे लोग अब जनसुनवाई के माध्यम से सीधे कलेक्टर से मिलकर अपनी बात समक्ष में रखकर उनका समाधान करा रहे है। मंगलवार को जनसुनवाई में कलेक्टर ने 111 आवेदनकर्ताओं को सुना और उनका बारी-बारी से निराकरण भी किया, जो आवेदन ब्लाॅक स्तर के पाये गये, उन आवेदनों के संबंध में आवेदनकर्ता के समक्ष में वर्चुअल वीडियो काॅन्फ्रेस के माध्यम से संबंधित खण्ड स्तर के अधिकारियों को निराकरण के निर्देश दिये। 

जनसुनवाई में 8 आवेदन ऐसे पाये गये, जिनका 24 घंटे के अंदर निराकरण किया जाना संभव था। उन आवेदनों को कलेक्टर ने 24 घंटे अंदर निराकरण करने हेतु संबंधित अधिकारियों को मौके पर निर्देश दिये। पिछली जनसनुवाई में कलेक्टर ने 23 आवेदनों को सुना था। उन्हें 24 घंटें के अंदर निराकरण करना था, जिनमें से अधिकतर आवेदनों का निराकरण अधिकारियों द्वारा किया जा चुका है। जनसुनवाई में जो लोग आवेदन करने आते थे, उन्हें कतारबद्ध होकर लाइन में लगकर अपनी बात कहने का मौका मिलता था। 

किन्तु कलेक्टर बी. कार्तिकेयन ने जनसुनवाई में नया नवाचार किया है। जिसमें आवेदनकर्ता आवेदन लेकर कतारबद्ध पंथियों में खड़ा नहीं रहेगा। जनसुनवाई कक्ष में पहुंचने बाद उसे कुर्सी पर सहः सम्मान पूर्वक बिठाकर कलेक्टर, जिला सीईओ एवं संयुक्त कलेक्टर उसकी बात सुन सकेंगे। यह नजारा मंगलवार को जनसुनवाई में देखने का मिला, जब आवेदनकर्ता जनसुनवाई कक्ष में पहुंचा, उसे भृत्य ने कुर्सी पर बिठाकर उसका आवेदन कलेक्टर की ओर अग्रसर कराया। तब आवेदनकर्ता कहने लगे कि समस्या का समाधान बाद की बात है, किन्तु हमारे सौभाग्य है कि हम कलेक्टर के पास कुर्सी पर बैठकर अपनी बात आसानी से बता रहे है।