पत्रकारों से चर्चा करते हुए DNA शुगर क्लीनिक के संचालकों...

हमारे देश को डायबिटीज की राजधानी कहा जाता : डॉ अग्रवाल

 

ब्लड शुगर की परेशानी वर्तमान समय में मध्यम वर्गीय एवं उच्च वर्ग में ज्यादा देखने को मिल रहे हैं इसके कारण है लोगों के खान-पान व दैनिक दिनचर्या के बीच सही संतुलन का अभाव। ब्लड शुगर के दिनों दिन बढ़ते हुए मामलों को ध्यान में रखते हुए ग्वालियर व उसके आसपास डीएनए शुगर क्लीनिक का शुभारंभ किया गया है। बुधवार को व्यस्त का ताजिया के पास डीएनए शुगर क्लीनिक के शुभारंभ अवसर पर पत्रकारों से चर्चा करते हुए डीएनए शुगर क्लीनिक के संचालकों और इस में कार्य करने वाले डॉक्टरों ने पत्रकारों को चर्चा के दौरान बताया कि डीएनए हेल्थ केयर एवं परामर्श केंद्र की शुरुआत अभी दबोह इंदरगढ़ और टीकमगढ़ पहले से दी जा रही है ।

उसके साथ ही इसका एक अन्य केंद्र अब ग्वालियर में भी आरंभ हो गया है इसके साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों को भी इन केंद्रों से जोड़ने की योजना है। इसी क्रम में जीवाजी गंज डबरा तथा तीसरा क्लीनिक गस्त के ताजिया पर स्थापित किया गया है।  यहां पर सस्ती दरों में उच्च गुणवत्ता वाली मशीनों व दवाइयों विशेषकर इंसुलिन आदि की उपलब्धता शुगर पेशेंट को आधी  कीमत में उपलब्ध हो सकेंगी।  साथ ही डायबिटीज व से उत्पन्न होने वाली समस्याओं जैसे नेत्र रोग हृदय रोग गुर्दा रोग आदि से संबंधित विशेषज्ञ भी अपनी सेवाएं मरीजों को देंगे। 

डीएनए शुक्र क्लीनिक के को फाउंडर डायबिटीज विशेषज्ञ डॉ नवनीत अग्रवाल ने पत्रकारों को जानकारी देते हुए बताया कि इस क्लीनिक में डॉक्टर अनिल कुमार मूंदड़ा प्रतिदिन यहां आने वाले डायबिटिक मरीजों के लिए सेवाएं देंगे साथ ही अन्य रोगों से संबंधित विशेषज्ञ आधी फीस पर निर्धारित समय में यहां आने वाले मरीजों को अपनी सेवाएं देंगे। डॉक्टर नवनीत अग्रवाल ने बताया की शहरी क्षेत्रों में 10 से 14% और ग्रामीण क्षेत्रों में 3 से लगभग 8% लोग डायबिटीज से ग्रसित है यही कारण है कि हमारे देश को डायबिटीज की राजधानी कहा जाता है।