2018 के चुनाव के बाद कांग्रेस ने यह परंपरा…

M.P. विधानसभा उपाध्यक्ष का पद विपक्ष को नहीं देगी BJP : प्रदेशाध्यक्ष

भोपाल।  मध्य प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का चुनाव बजट सत्र में होना प्रस्तावित है। अध्यक्ष पद को लेकर चल रही खींचतान के बीच भाजपा ने इस बार अध्यक्ष का पद विंध्य क्षेत्र को देने का मन बनाया है। वहीं, उपाध्यक्ष पद के लिए भाजपा ने स्पष्ट कर दिया कि इस बार वह विपक्ष को यह पद नहीं देगी।

 गौरतलब है कि संसदीय परंपराओं के मुताबिक उपाध्यक्ष का पद विपक्ष को दिया जाता रहा है, लेकिन 2018 के चुनाव के बाद कांग्रेस ने यह परंपरा तोड़ दी थी। उपाध्यक्ष के पद पर भाजपा बुंदेलखंड के अनुसूचित जाति के विधायक को बैठाने की तैयारी में है। 

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि मप्र विधानसभा में अध्यक्ष-उपाध्यक्ष के चुनाव की परंपरा पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ ने तोड़ी थी। अब इसका खामियाजा तो कांग्रेस को भुगतना पड़ेगा। शर्मा ने स्पष्ट किया कि उपाध्यक्ष का पद कांग्रेस को नहीं दिया जाएगा।