श्री गोयल ने मोती मस्जिद के दरवाज़े पर जीत की दुआ मांगकर भरा नामांकन

ग्वालियर 14 अक्टूबर। मध्य प्रदेश के उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी के ग्वालियर पूर्व विधानसभा से भाजपा प्रत्याशी मुन्न्नालाल गोयल जी ने अपना जनसंपर्क बुधवार को भगवान परशुराम जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर प्रारंभ किया उसके बाद चन्द्रशेखर आजाद की प्रतिमा बारादरी, महाराजा अग्रसेन जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण, गोगादेव महाराज की प्रतिमा, शहीद भगत सिंह की प्रतिमा, महाराणा प्रताप जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण, गौतम बुद्ध की प्रतिमा पर माल्यार्पण,  पं. दीनदयाल उपाध्याय जी, देवी आहिल्या बाई होल्कर जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण, छत्री में श्रद्धेय राजमाता जी की मूर्ति एवं स्व. माधवराव सिंधिया जी की मूर्ति पर माल्यार्पण, अचलेश्वर मंदिर पर पूजा अर्चना कर, मोती मस्जिद ,फूलबाग गुरूद्धारा होते हुए जिलाधीश कार्यालय पर पहुंचकर नामांकन दाखिल किया। 

इस अवसर पर पार्टी के नेताओं एवं कार्यकर्ताओं द्वारा प्रषासन द्वारा निर्धारित कोरोना गाइड लाइन का पालन किया गया । मुन्नालाल गोयल ने नामांकन के बाद मीडिया से चर्चा में कहा कि कांग्रेस मुद्दाविहीन है और उनके प्रत्याशी अनर्गल आरोप लगा रहे हैं, वहीं भाजपा सरकार बनते ही उनके क्षेत्र में करोड़ों के विकास कार्य शुरु हो गए, जो कांग्रेस सरकार में ठप्प थे। इसके अलावा गरीबों को पट्टे दिए गए और उनके क्षेत्र की जनता पर पूरा भरोसा है, क्योंकि लोकतंत्र में जनता ही सर्वोपरि है। कांग्रेस सरकार के समय उनके क्षेत्र में बिल्कुल भी विकास कार्य नहीं हुए। गरीबों के घर उजाड़ दिए, जिसके कारण उन्हें धरने पर बैठना पड़ा। वहीं भाजपा सरकार बनते ही उनके क्षेत्र में बिजली, पानी, सीवर से लेकर सभी की समस्याएं खत्म होने लगीं, क्योंकि करोड़ों के विकास कार्य शुरु हो गए। 

क्षेत्र के 700 गरीब परिवारों को रहने के लिए पट्टे दिए गए और शेष गरीबों का भी सर्वे हो रहा है। इसलिए उन्हें अपने क्षेत्र की जनता और गरीब सर्वहारा वर्ग पर पूरा भरोसा है और विकास के लिए उनका साथ देगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस मुद्दाविहीन हो गई है और उनके प्रत्याशी अनर्गल आरोप लगा रहे हैं। अपने को विकास का मसीहा कहते हैं और शहर के पांच वार्डों के सामुदायिक भवनों पर कब्जा करके बैठे हैं। उनके पांच वार्डों में कोई विकास कार्य का टेंडर डर के चलते नहीं डालता था। भाजपा ने उनके परिवार में पिता और भाई के साथ उनको भी टिकट दिया, लेकिन ऐसी पार्टी को नमन करने की बजाय सामंतशाही का आरोप लगाते हैं। लोकतंत्र में जनता मालिक है और जल्दी ही पता चल जाएगा कि वह किसके साथ है।