इस बार 90 मिनट पहले होगा मॉकपोल…

मतदान दलों का प्रथम चरण का प्रशिक्षण हुआ शुरू

ग्वालियर। इस बार के चुनाव में मतदान शुरू होने के 90 मिनट पहले मॉकपोल होगा। पहले 45 मिनट पहले मॉकपोल होता था। मतदान का समय भी बढ़ाया गया है। भारत निर्वाचन आयोग द्वारा मतदान के समय में एक घंटे का इजाफा किया गया है। विधानसभा उप चुनाव कार्यक्रम के तहत 3 नवम्बर को सुबह 7 बजे से सायंकाल 6 बजे तक मतदान होगा। पहले शाम 5 बजे तक मतदान होता था। इस आशय की जानकारी मतदान दलों के प्रशिक्षण कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनर्स द्वारा दी गई। प्रशिक्षण के दौरान कोविड गाइडलाइन के बारे में भी विस्तारपूर्वक बताया गया। मतदान दलों का प्रथम चरण का प्रशिक्षण मंगलवार से शुरू हुआ। यहाँ भारतीय पर्यटन एवं यात्रा प्रबंधन संस्थान में आयोजित हो रहे इस प्रशिक्षण के पहले दिन करीबन 1305 अधिकारियों व कर्मचारियों को मास्टर ट्रेनर द्वारा मतदान संबंधी सम्पूर्ण बारीकियां विस्तारपूर्वक बताई गई । 

पहले दिन दो सत्रों में प्रशिक्षण आयोजित हुआ। प्रथम चरण के प्रशिक्षण में पीठासीन अधिकारी और मतदान अधिकारी क्रमांक-1 को प्रशिक्षित किया गया है । इस प्रशिक्षण में मतदान अधिकारियों को खास  तौर पर ई.व्ही.एम (इलेक्ट्रानिक वोटिंग मशीन) अर्थात बैलेट यूनिट व कंट्रोल यूनिट के बारे में तकनीकी एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण विस्तार से दिया जा रहा है। साथ ही वीवीपैट के काम करने की प्रक्रिया भी मतदान दलों को समझाई जा रही है। पीठासीन अधिकारी को मतदान केन्द्र की स्थापना, मतदान शुरू होने से पूर्व की जाने वाली घोषणा, एजेन्टो की मौजूदगी में मोकपोल, ग्रीन पेपर सील लगाना, स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के लिए रक्षोपाय, मतदान केन्द्र में और बाहरी 200 मीटर की परिधि में प्रतिबंधात्मक आदेशों के पालन आदि का प्रशिक्षण भी दिया गया । 

पीठासीन अधिकारियों को समझाइश दी गई कि निर्वाचन सामग्री प्राप्त करते समय यह सुनिश्चित कर लें कि सूची के अनुसार सभी सामग्री उन्हें मिल गई है। मुख्य रूप से मतदान यूनिट, नियंत्रण यूनिट, वीवीपैट, निविदत्त मतपत्र, मतदाताओं का रजिस्टर, निर्वाचक नामावली की चिन्हित प्रति और नामावली की अतिरिक्त प्रतियाँ, ग्रीन पेपर सील, सीलिंग वैक्स एवं अमिट स्याही महत्वपूर्ण सामग्री में शामिल है। मतदान केन्द्र परिसर में कोविड गाइडलाइन का पालन कराया जायेगा। हर मतदाता को टोकन दिया जायेगा और बारी आने पर वह अपने मताधिकार का उपयोग कर सकेगा। सभी मतदाताओं को हैण्डग्लब्स और जो मतदाता फेस मास्क लगाकर नहीं आयेंगे उन्हें मास्क भी मुहैया कराए जायेंगे। 

मतदान अधिकारी क्र.-1 के सामने एक बार में एक से अधिक मतदाता खड़ा नहीं रह सकेगा। मतदान केन्द्र में प्रवेश के समय हर मतदाता की थर्मल स्क्रीनिंग की जायेगी। तापमान अधिक होने पर मतदाता को बैठने के लिये कहा जायेगा और आधे घंटे बाद फिर से थर्मल स्क्रीनिंग की जायेगी। यदि तापमान सही आया तो उसे मतदान की अनुमति दी जायेगी, अन्यथा मतदान के आखिरी घंटे में वह अपने मताधिकार का उपयोग कर सकेगा। मतदान दलों में शामिल किए गए सभी अधिकारी व कर्मचारी भी मताधिकार का उपयोग कर सकें, इसके लिये प्रशिक्षण लेने आए शासकीय सेवकों से भरे हुए फॉर्म-12 प्राप्त किए गए। कुल 590 मतदान अधिकारियों ने फॉर्म-12 जमा किए गए। जिन कर्मचारियों ने फार्म जमा नहीं किए हैं उनसे जल्द से जल्द यह फॉर्म जमा करने के लिए कहा गया है।