प्रदेश में बीजेपी के लिए…
राज्यसभा चुनाव के बाद मंत्रिमंडल का विस्तार करना बड़ी चुनौती

मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव के बाद अब बीजेपी के लिए मंत्रिमंडल का विस्तार करना बड़ी चुनौती बना हुआ है. बीजेपी नेताओं मंग बुधवार देर रात तक चर्चा के बाद भी मंत्रिमंडल पर सहमति नहीं बन पाई. इस बीच मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आज तिरुपति बालाजी के दर्शन करने जायेंगे. जहां से वे 27 जून को वापस आएंगे उसके बाद ही मंत्रिमंडल का विस्तार हो सकता है. भोपाल। शिवराज सरकार को एक तरफ कोरोना संक्रमण से निपटना पड़ रहा है तो वहीं दूसरी ओर मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर भी बीजेपी पर लगातार दबाव बनता जा रहा है. विपक्ष लगातार मंत्रिमंडल विस्तार पर बीजेपी पर निशाना साधा रहा है. हालांकि मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बीजेपी ने अपनी तरफ से पूरी तैयारी कर ली है माना जा रहा है कि बहुत जल्द ही मंत्रिमंडल का विस्तार होगा. सीएम शिवराज ने भी इसके संकेत दिए थे. इन्ही सब चुनौतियो के बीच मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आज तिरुपति बालाजी के दर्शन करनें जायेंगे. जो सीएम बनने के बाद प्रदेश से बाहर उनका पहला दौरा होगा.

मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर बुधवार को सुबह से लेकर देर रात तक सीएम शिवराज सिंह चौहान ने तीन बार संगठन मंत्री सुहास भगत और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा के साथ बैठक की. सीएम देर रात भी बीजेपी कार्यालय पहुंचे थे और यहां करीब एक घंटे तक मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर संगठन के नेताओं के साथ बातचीत हुई है. हालांकि सीएम आज भोपाल से हैदराबाद होते हुए तिरुपति दर्शन के लिए जा रहे हैं. वहां से 27 जून को वापस भोपाल लौटेंगे अब संभावना जताई जा रही है कि तिरुपति दर्शन के बाद सीएम दिल्ली जा सकते हैं. माना जा रहा है कि प्रदेश के राज्यपाल लालजी टंडन के स्वास्थ्य समस्याओं को देखते हुए जल्द ही केंद्र सरकार प्रदेश का प्रभार किसी अन्य राज्य के राज्यपाल को सौंप सकती है. उसके बाद ही शपथ की तारीख तय हो पाएगी. बीजेपी और ज्योतिरादित्य सिंधिया समर्थक पूर्व विधायक मंत्रिमंडल में शामिल होना चाहते हैं. माना जा रहा है कि सिंधिया समर्थक लगभग 9 पूर्व विधायकों को शपथ दिलाई जा सकती है. शिवराज कैबिनेट में फिलहाल गोविंद सिंह राजपूत और तुलसी सिलावट सिंधिया समर्थक मंत्री है. 

इसके आलावा प्रभुराम चौधरी, इमरती देवी, प्रद्युमन सिंह तोमर, महेंद्र सिंह सिसोदिया, बिसाहूलाल सिंह, एदल सिंह कंसाना, हरदीप सिंह डंग, राजवर्धन सिंह और रणवीर जाटव मंत्रिमंडल के संभावित दावेदारों में शामिल है. बीजेपी की तरफ से सामान्य वर्ग से गोपाल भार्गव, रामपाल सिंह, उषा ठाकुर, रमेश मेंदोला, चेतन कश्यप, यशपाल सिंह सिसोदिया, अरविंद भदौरिया, अशोक रोहाणी, राजेंद्र शुक्ला, गिरीश गौतम, इसके अलावा रामेश्वर शर्मा या विश्वास सारंग के नाम भी दावेदारों की सूची में शामिल है, वही ओबीसी वर्ग में भूपेंद्र सिंह, यशोधरा राजे सिंधिया, रामकिशोर कावरें, रामखेलावन पटेल, भारत सिंह कुशवाहा, राम लल्लू वैश्य, अजय विश्नोई के नाम पर भी विचार किया जा रहा है. आदिवासी चेहरे में विजय शाह, प्रेम सिंह पटेल, देवी सिंह सैयाम, कुंवर सिंह टेकाम के नाम पर चर्चा जारी है. इसके अलावा अनुसूचित जाति वर्ग से हरिशंकर खटीक, देवेंद्र वर्मा, विष्णु खत्री के नाम पर भी विचार चल रहा है.