एमपी हाउसिंग बोर्ड के श्री कोशलेंद्र को दिये सख्त निर्देश…
600 बिस्तर वाले नवीन जिला चिकित्सालय को 26 मई तक  करें तैयार: श्रीमती दास
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मुरैना । प्रदेश सरकार की गाइडलाइन के अनुसार कोविड-19 के मरीजों के लिये भविष्य में अतिरिक्त पलंग की व्यवस्था करने के निर्देश है। निर्देशों के तहत कलेक्टर श्रीमती प्रियंका दास ने जिला चिकित्सालय के पिछले हिस्से में 600 बिस्तर वाले नवीन निर्माणाधीन जिला चिकित्सालय भवन का अवलोकन किया। अवलोकन के दौरान कलेक्टर ने एमपी हाउसिंग बोर्ड के श्री कोशलेंद्र को सख्त निर्देश दिये है कि मुझे 15 दिवस के अंदर 50 पलंग नवीन निर्माणाधीन भवन में शिफ्ट कराने है। इस कार्य में कोई लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। इसके लिये अंतिम डेट लाइन 26 मई रहेगी।

26 तक 2 वार्ड, जिसमें 50 पलंग के हिसाब से लाइट, पंखे, आॅक्सीजन पाइप लाइन, टायलेट, दरवाजे, खिड़की, सीसे आदि तैयार किये जाये। उन्होंने कहा कि इन वार्डों में शिफ्ट होने वाले मरीजों के बाद निर्माण कार्य की आवाज नहीं आना चाहिये। कलेक्टर ने कहा कि शेष बिल्डिंग का कार्य युद्ध स्तर से जारी रहे। इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। उन्होंने कहा कि प्रतिदिन किये गये कार्य के अपडेट फोटोग्राफ्स मेरे मोबाइल पर मिलना चाहिये। 15 दिन के बाद जिला चिकित्सालय से कोविड-19 के एक्टिव मरीजों को 26 मई के बाद शिफ्ट किया जा सकेगा। उन्होंने कहा कि कोविड-19 वाले मरीजों को जिला चिकित्सालय में पिछले गेट से एंबूलेंस के माध्यम से अभी फिलहाल लाया जावे।       

कलेक्टर ने सीएमएचओ आॅफिस के निर्माणाधीन भवन का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सीएमएचओ के ड्रग स्टोर में 50 पलंग के लिये की व्यवस्था 5 जून तक करने के निर्देश भी दिये। इसके बाद कलेक्टर ने नवीन निर्माणाधीन व्हीआईपी रोड़ पर विकलांग पुनर्वास केन्द्र का निरीक्षण किय। निरीक्षण के दौरान भवन व्यवस्थित रूप से तैयार हो चुका है। जिसमें 50 पलंग लगाने के निर्देश 18 मई तक सिविल सर्जन को दिये। कलेक्टर ने सिविल सर्जन को 50-50 पलंग शासन गाइडलाइन व स्थानीय समिति की अनुशंसा पर बाजार से तैयार कराने के निर्देश दिये।

उन्होंने कहा कि इस प्रकार दुकानों पर 1 हजार पलंग के आॅडर बुक कराये जायें। यह पलंग साधारण पाइप एवं निवाड़ से बुने हुये होने चाहिये। इसके लिये चादर, तकिया और गद्दा सिविल सर्जन व्यवस्था करायेंगे। इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डाॅ. आरसी बांदिल, सिविल सर्जन डाॅ. एके गुप्ता, एमपी हाउसिंग बोर्ड के श्री कोशलेन्द्र सहित अन्य निर्माण एजेंसी के पदाधिकारी उपस्थित थे।