आदिवासी सीटों पर फोकस…

मिशन 2023 की तैयारी में जुटी कांग्रेस !

भोपाल। बीजेपी ने आदिवासी वर्ग का प्रतिनिधित्व करने वाली द्रौपदी मुर्मू को देश के सर्वोच्च पद पर पहुंचाया है। इसे बीजेपी का मास्टर स्ट्रोक भी कहा जा रहा है। इसके जरिए बीजेपी ने प्रदेश के आदिवासी वोट बैंक को साधने की कोशिश की है। प्रदेश में पिछली कांग्रेस सरकार के सत्ता में आने के पीछे आदिवासी क्षेत्र की सीटों को अहम भूमिका निभाई। प्रदेश की आदिवासी वर्ग के लिए रिजर्व 47 सीटों में से कांग्रेस के खाते में 31 आई थी, जबकि बीजेपी को सिर्फ 16 सीट मिली थीं। 

कांग्रेस आदिवासी क्षेत्रों में बड़े आयोजन कर अपनी जड़ें मजबूत करने की तैयारियों में जुट गई है। इसके तहत कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ 9 अगस्त को विश्व आदिवासी दिवस के मौके पर अजीराजपुर जिले का दौरा करेंगे। कमलनाथ क्रांतिकारी शहीद चंद्रशेखर आजाद के गांव भावरा भी जाएंगे। आदिवासी दिवस पर प्रदेश भर में कांग्रेस आयोजन करेगी। आदिवासी क्षेत्रों में अपनी मजबूत पकड़ बना चुके जयस मिशन 2023 के तहत आदिवासी क्षेत्रों में लगातार कार्यक्रम की योजना बना रही है। 

इसी शुरूआत जयस कुक्षी में बड़े आदिवासी सम्मेलन से करने जा रही है। जयस 1 से 9 अगस्त तक सभी आदिवासी बहुल जिलों में आदिवासी सम्मेलन करने जा रही रही है। संगठन के अध्यक्ष अंतिम मुजाल्दा के मुताबिक सितंबर माह में बड़ा कार्यक्रम किया जाएगा। आगामी चुनाव में आदिवासी युवाओं को ज्यादा से ज्यादा संख्या में मैदान में उतारने मिशन 2023 का नाम जयस ने जयस मिशन युवा नेतृत्व 2023 रखा है।