अब 21 जून को होगी बैठक…

राष्ट्रपति पद  ममता बनर्जी ने सुझाया फारूक अब्दुल्ला और गोपाल कृष्ण गांधी का नाम

राष्ट्रपति चुनाव में उम्मीदवारी को लेकर आज हुई विपक्ष की बैठक में किसी एक नाम पर फैसला नहीं हो सका। बैठक में सभी दलों ने शरद पवार के नाम का सुझाव दिया लेकिन बैठक में मौजूद पवार ने खुद ही उम्मीदवारी से मना कर दिया। बैठक में ममता बनर्जी ने फारूक अब्दुल्ला और गोपाल कृष्ण गांधी के नाम का भी प्रस्ताव रखा। हालांकि उन्होंने उम्मीद जताई कि शरद पवार को मना लिया जाएगा। दिलचस्प बात ये है कि जब बैठक के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में ममता बनर्जी शरद पवार को उम्मीदवार बनाए जाने के बाद कह रहे थे उसी वक्त पीछे खड़े हैं पवार हाथ हिलाकर मना कर रहे थे। 

सूत्रों के मुताबिक अगले हफ्ते एक बार फिर विपक्ष के नेताओं की बैठक बुलाई जाएगी जिसकी तारीख और स्थान तय करने का जिम्मा शरद पवार को सौंपा गया है। सूत्रों के मुताबिक अगली बैठक 21 जून को होने की संभावना है। आज की बैठक में एक प्रस्ताव पारित किया गया जिसमें कहा गया कि राष्ट्रपति पद के लिए एक ऐसे व्यक्ति की जरूरत है जो संविधान की रक्षा कर सके। हालांकि बैठक का रंग थोड़ा फीका पड़ गया जब आमंत्रित किए गए दलों में से पांच दल बैठक में शरीक नहीं हुए। इन दलों में आम आदमी पार्टी, तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस), बीजू जनता दल, अकाली दल और वाईएसआर कांग्रेस शामिल है। इसके अलावा बसपा और टीडीपी जैसे दल भी बैठक में शामिल नहीं हुए क्योंकि उन्हें आमंत्रित नहीं किया गया था। सूत्रों के मुताबिक बैठक में ममता बनर्जी ने मोदी सरकार पर हमला करते हुए कहा की जांच एजेंसियों के जरिए बीजेपी विपक्ष मुक्त भारत बनाने के एजेंडे पर काम कर रही है और केवल विपक्षी नेताओं को चुन चुन कर निशाना बनाया जा रहा है।

 बुलडोजर विवाद पर बोलते हुए ममता ने कहा की कानूनी प्रक्रिया को अपनाए बिना गैरकानूनी तरीके से बुलडोजर का इस्तेमाल एक खास वर्ग के खिलाफ किया जा रहा है। इस बीच सरकार की ओर से भी राष्ट्रपति चुनाव की उम्मीदवारी को लेकर एक आम सहमति बनाने की कोशिशें शुरू कर दी गई है। इस सिलसिले में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने ममता बनर्जी, कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव, बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उड़ीसा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक से फोन पर बात की है। विपक्ष के नेताओं ने राजनाथ सिंह से पहले एनडीए उम्मीदवार का नाम बताने की मांग की है।