ज्ञानवापी विवाद को लेकर राष्ट्रपति से मुलाकात करने जा रहा है मुस्लिम पक्ष…

AIMPLB ने मुस्लिम पक्ष को कानूनी मदद देने का किया ऐलान, राष्ट्रपति से मिलेगा डेलीगेशन

ज्ञानवापी मस्जिद विवाद को लेकर सभी की नजरें कोर्ट की सुनवाई पर हैं। जहां मस्जिद में सर्वे की रिपोर्ट सौंपी गई है। इसी बीच अब ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड इस मामले में खुलकर मुस्लिम पक्ष के समर्थन में उतर चुका है। बोर्ड ने कहा है कि लीगल कमेटी मुस्लिम पक्ष की हर संभव मदद करेगी। साथ ही ज्ञानवापी विवाद को लेकर मुस्लिम पक्ष अब राष्ट्रपति से मुलाकात करने जा रहा है। दरअसल ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की एक मीटिंग बुलाई गई थी, जिसमें एआईएमआईएम सांसद ओवैसी भी शामिल हुए थे। 

इस वर्चुअल मीटिंग में करीब 45 सदस्य शामिल हुए थे। इसी बैठक में ये तय हुआ था कि प्रतिनिधिमंडल राष्ट्रपति से मिलेगा। जहां उन्हें मुस्लिम पक्ष की तरफ से एक ज्ञापन सौंपा जाएगा। मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की इस बैठक में शामिल हुए सदस्यों ने ज्ञानवापी मस्जिद को लेकर पैदा हुए हालात और मौजूदा स्थिति पर चिंता जताई। जिसके बाद सामूहिक रूप से कहा गया कि मुस्लिम पक्ष की ज्ञानवापी केस लड़ने में हर संभव मदद की जाएगी। 

इस दौरान कुछ लोगों ने जन आंदोलन खड़ा करने की बात की, जिसे बहुमत से खारिज कर दिया गया। सर्वे के बाद ज्ञानवापी मस्जिद परिसर में शिवलिंग मिलने का दावा किया गया है। जिसे लेकर जमकर विवाद शुरू है। हिंदू पक्ष का कहना है कि इससे ये साबित होता है कि यहां मंदिर था और बाद में उसे मस्जिद में तब्दील कर दिया गया। वहीं मुस्लिम पक्ष का कहना है कि ये पत्थर शिवलिंग नहीं बल्कि फव्वारे का है। वहीं इस मामले में एक और याचिका दायर की गई है। जिसमें मांग की गई है कि नंदी भगवान की मूर्ति के सामने मस्जिद की दीवार को तोड़कर वहां भी सर्वे करवाया जाए।