रमौआ डैम को पर्यटन की दृष्टि से जन आकर्षण का केन्द्र बनाया जाएगा…

प्रभारी मंत्री सिलावट ने किया रमौआ डैम का निरीक्षण 

ग्वालियर। जल संसाधन विभाग के रमौआ डैम को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जायेगा। इसके विकास के लिए पर्यटन विकास निगम को भेजे गए प्रस्ताव को शीघ्र अमल में लाने के लिये पर्यटन मंत्री से भी चर्चा करेंगे। प्रदेश के जल संसाधन, मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट ने रमौआ डैम के अवलोकन के अवसर पर यह बात कही। मध्यप्रदेश बीज विकास निगम के अध्यक्ष मुन्नालाल गोयल के साथ डैम का अवलोकन करते हुए प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। 

जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट ने बुधवार को रमौआ डैम का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि ग्वालियर का रमौआ डैम बहुत ही पुराना और ऐतिहासिक है। इसको पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने का कार्य विभाग करेगा। पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने के लिये पर्यटन विभाग को भेजे गए प्रस्ताव पर शीघ्र अमल हो, इसके लिये पर्यटन मंत्री से भी चर्चा की जायेगी। उन्होंने डैम के आसपास साफ-सफाई के साथ वृहद वृक्षारोपण के संबंध में भी जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रभारी मंत्री श्री सिलावट ने विभाग के अधिकारियों से कहा है कि बरसात से पूर्व डैम से हुरावली तक नदी की सफाई का कार्य तेजी से किया जाए। इसके साथ ही डैम से लगी हुई पहाड़ियों पर वृहद वृक्षारोपण का कार्य भी किया जाए। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि नदी के बहाव क्षेत्र के अवरोधों को हटाने के साथ ही गाजर घास एवं गंदगी को पूर्णत: साफ करें, इसके लिये निगम के अधिकारियों से भी सहयोग लिया जाए। जेसीबी एवं अन्य मशीनरी लगाकर कार्य को बरसात के पूर्व पूर्ण किया जाए। 

प्रभारी मंत्री श्री सिलावट ने यह भी कहा कि डैम पर बने पुराने और ऐतिहासिक गेस्ट हाउस को भी आकर्षक बनाया जाए। इसके साथ ही आसपास साफ-सफाई व पर्यटकों के लिये मूलभूत सुविधाओं का विकास भी शीघ्र किया जाए। बीज विकास निगम के अध्यक्ष मुन्नालाल गोयल ने बताया कि रमौआ डैम में पिछले कई वर्षों के बाद पानी भरा है। डैम में पानी भरने से लगभग 30 किलोमीटर क्षेत्र में जल स्तर बढ़ा है। उन्होंने कहा कि अलापुर डैम को रमौआ डैम से कनेक्ट करने का कार्य भी जल संसाधन विभाग करे। रमौआ डैम पर मिनी पेयजल प्लांट स्थापित करने का कार्य भी किया जाना चाहिए।