चीफ जस्टिस रमना की अध्यक्षता वाली बेंच करेगी सुनवाई…

लखीमपुर हिंसा पर SC में सुनवाई आज

उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में किसानों को कुचलने की मामले में सुप्रीम कोर्ट ने स्वतः संज्ञान लिया है. आज चीफ जस्टिस एनवी रमना की अध्यक्षता वाली तीन जजों की बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी. इस केस का केस का टाइटल ‘वायलेंस इन लखीमपुर खीरी लीडिंग टू लॉस ऑफ लाइफ’ रखा गया है. जस्टिस सूर्यकांत और हिमा कोहली भी बेंच के सदस्य हैं. इस मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है. लखीमपुर खीरी जिले के तिकोनिया क्षेत्र में रविवार को भड़की हिंसा में चार किसानों समेत आठ लोगों की मौत हो गई थी. इस मामले में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष समेत कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. 

हालांकि किसी की भी गिरफ्तारी नहीं हुई है. दरअसल, अजय मिश्रा के पैतृक गांव में दंगल का आयोजन किया गया था. इस कार्यक्रम में यूपी के उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य को शामिल होना था. मंत्रियों के विरोध में किसानों ने प्रदर्शन का आयोजन किया. किसान संगठनों का आरोप है कि जब किसान तिकोनिया क्षेत्र में प्रदर्शन कर रहे थे तभी अजय मिश्रा के बेटे की गाड़ी किसानों को रौंदते हुए आगे बढ़ गई. इसके बाद हिंसा भड़क उठी. पूरे मामले में चार किसानों समेत आठ लोगों की जान चली गई. इस मामले की जांच उत्तर प्रदेश पुलिस कर रही है. 

विपक्षी दलों का कहना है कि पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार न करके बचा रही है. उनकी मांग है कि पीएम मोदी गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा को बर्खास्त करें. इस बीच बुधवार को नेताओं का लखीमपुर जाने का सिलसिला दिन भर बना रहा. सरकार द्वारा अनुमति दिये जाने के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी, छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल, पंजाब सीएम चन्नी और मुकुल वासनिक के साथ लखनऊ एयरपोर्ट पर थोड़े विरोध के बाद सीतापुर पहुंचे, वहां तीन दिनों से पुलिस निगरानी में रखी गयी प्रियंका गांधी, यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू से मिले उसके बाद सभी लखीमपुर में मारे गये किसानों के परिजनों से मुलाकात की.