शिवराज सरकार का बड़ा फैसला…

1 सितंबर से MP में खुलेंगे 6 से 12वीं तक के स्कूल


भोपाल। मध्य प्रदेश की शिवराज सरकार ने स्कूलों को लेकर एक बड़ा फैसला लिया है. प्रदेश में 1 सितंबर से कक्षा 6 से 12वीं तक के स्कूल 50 फीसदी क्षमता के साथ खोलने का निर्णय लिया है. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट करके यह जानकारी दी है. हालांकि बच्चों को स्कूल भेजा जाए या नहीं इसका फैसला अभिभावकों की सहमति से ही होगा. जबकि स्कूलों में कोरोना गाइडलाइन का पूरा पालन किया जाना अनिर्वाय रहेगा. हालांकि 6वीं से 12वीं तक के हर दिन केवल 50 प्रतिशत बच्चे ही उपस्थित रहेंगे. दरअसल, स्कूल खोलने को लेकर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और स्कूल शिक्षा राज्यमंत्री इंदरसिंह परमार के बीच बैठक हुई थी. बैठक के बाद 50 प्रतिशत क्षमता के साथ स्कूल खोलने पर सहमति बनी है. 

इस दौरान स्कूल में उपस्थित रहने वाले सभी शिक्षकों को वैक्सीन लगवाना अनिर्वाय रहेगा. स्टाफ को वैक्सीन का कम से कम एक डोज लगना अनिवार्य है.  फैसले को लेकर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट करते हुए लिखा कि प्रदेश में आगामी एक सितंबर से कक्षा 6 से 12 के सभी शासकीय और अशासकीय विद्यालय 50 प्रतिशत विद्यार्थी क्षमता के साथ प्रतिदिन प्रारंभ हो सकेंगे. इस व्यवस्था में अभिभावकों की सहमति अनिवार्य होगी. स्कूल प्रबंधन और अभिभावक इस दौरान #COVID19 प्रोटोकॉल का पालन अनिवार्य रूप से करें. सीएम ने लिखा कि कक्षा 1 से 5 के विद्यालयों के संचालन के संबंध में एक सप्ताह पश्चात परिस्थितियों के आधार पर निर्णय लिया जायेगा. पूर्व में 9 से 12 तक सप्ताह में दो दिन कक्षाएं चल रही थीं। अब सभी कार्य दिवसों में विद्यालय लगेंगे. 

वहीं स्कूल शिक्षा राज्यमंत्री इंदर सिंह परमार ने बताया कि प्रदेश में सभी शासकीय और अशासकीय विद्यालय कक्षा 6वीं से 12वीं तक 1 सिंतबर से लगने शुरू हो जाएगे. यानि हर छात्र हफ्ते में केवल 3 दिन ही स्कूल आएगा. जबकि बाकि के तीन दिन की पढ़ाई ऑनलाइन माध्यम से होगी. इसमें भी अभिभावकों की सहमति के बाद ही छात्र स्कूल जा सकेंगे. इसके अलावा स्कूलों के प्रिंसिपल छात्रों की संख्या, उपलब्ध अधोसंरचना के आधार पर प्रोटोकॉल का पालन करते हुए कक्षावार स्कूल संचालित करने के संबंध में निर्णय ले सकेंगे. इस दौरान सभी का मास्क लगाना और सोशल डिस्टेसिंग का पालन करना अनिवार्य रहेगा. स्कूल शिक्षा राज्यमंत्री इंदर सिंह परमार ने बताया कि स्कूल में आने वाले सभी शिक्षकों को कोरोना की वैक्सीन लगवाना अनिर्वाय है. 

अगर किसी भी शिक्षक वैक्सीन का एक भी डोज नहीं लगवाया है तो वह स्कूल खुलने से पहले टीका जरूर लगवा ले. शालाओं में कक्षावार नियत दिवसों के अलावा अन्य दिवसों में ऑनलाइन कक्षाएं पहले की तरह संचालित की जा सकेगी. इसके अलावा दूरदर्शन और व्हाटसएप ग्रुप पर शैक्षणिक सामग्री का प्रसारण जारी रहेगा. ताकि घर से ऑनलाइन पढ़ाई करने वाले छात्रों को परेशानियों का सामना न करना पड़े. वहीं मध्य प्रदेश में कक्षा 1 से 5वीं तक के स्कूल अभी नहीं खोलने का निर्णय लिया गया है. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान का कहना है कि फिलहाल प्रदेश में कक्षा 1 से 5 तक के स्कूल खोलने का निर्णय एक हफ्ते के लिए टाल दिया गया है. इस संबंध में बाद में निर्णय लिया जाएगा.