शासकीय प्रेस की संपत्ति को भ्रष्टचारियों से बचाने की मांग...

सीटू ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

ग्वालियर। गत दिवस ग्वालियर प्रवास पर आए मुख्यमंत्री के नाम सीटू के बैनर तले शासकीय प्रेस कर्मचारी एकता यूनियन के पदाधिकारियों द्वारा शासकीय मुद्रणालय ग्वालियर की संपत्ति बचाने एवं कर्मचारियों के भुगतान को लेकर कलेक्टर को मांग पत्र सौंपा गया। मांग पत्र में बताया गया है कि मप्र शासन के राजस्व विभाग ने प्रदेश की तीन शासकीय मुद्रणालयों को बंद करने का निर्णय लिया है। 

जिससे भ्रष्टचारियों के चेहरे खिल गए है क्योंकि मुद्रणालय ग्वालियर में डैड सामग्री का बड़ा भंडार है और चौकीदार रिटायर हो चुके है जिससे इस सामग्री के भ्रष्टाचार के भेंट  चढ़ने की आशंका है।  साथ ही मुद्रणालय के कई कर्मचारी बीआरएस ले चुके है और कुछ की मृत्यु हो गई है जिनका भुगतान आज तक नहीं हुआ है। भुगतान के एवज में उनसे रिश्वत मांगी जा रही है। प्रभारी उप नियंत्रक भ्रष्टाचार में लिप्त है और उसकी दर्जनों शिकायतें की जा चुकी है लेकिन अब तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। मुद्रणालय ग्वालियर इस वक्त भ्रष्टाचारियों के लिए कमाई का जरिया बन गया है। 

अत: सीटू मांग करती है कि भ्रष्ट प्रभारी उप नियंत्रक को हटाया जाए। मुद्रणालय की संपत्ति बचाने के लिए पुलिस बल तैनात किया जाए। प्रेस की चालू मशीनों को कंडम बताकर बेचने की साजिश की जा रही है जिस पर रोक लगाई जाए, कर्मचारियों का रुका हुआ भुगतान कराया जाए। ज्ञापन देने वालों में किशनलाल रेंगर, नौशाद खां, बसंत खानविलकर एवं तेजराम माहौर शामिल थे।