गुणवत्ता जाँच समिति में निष्पक्ष विशेषज्ञ शामिल करने के दिए निर्देश…

एमपी एग्रो की योजनाओं में लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति हो : राज्यमंत्री



ग्वालियर। एम.पी. स्टेट एग्रो इंडस्ट्रीज डेव्लपमेंट कार्पोरेशन के द्वारा संचालित सभी योजनाओं में शत-प्रतिशत लक्ष्यों की प्राप्ति सुनिश्चित की जाए। साथ ही जहाँ पर निर्धारित लक्ष्य प्राप्त नहीं हुए हैं, उसकी जाँच भी की जाये। योजनाओं के क्रियान्वयन में देरी के लिये जिम्मेदारों के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही करें। इस आशय के निर्देश उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण (स्वतंत्र प्रभार) एवं नर्मदा घाटी विकास राज्य मंत्री भारत सिंह कुशवाह ने गुरूवार को भोपाल स्थित मंत्रालय में आयोजित एम.पी. एग्रो की समीक्षा बैठक में दिये। 

राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार श्री कुशवाह ने पिछले दिनों सांसद-विधायक निधि के अन्तर्गत एम.पी. एग्रो द्वारा प्रदाय किये गये पेयजल टेंकरों की गुणवत्ता की जाँच कराने के लिये गठित जाँच समिति में निष्पक्ष विशेषज्ञ को शामिल करने के निर्देश भी दिये। उन्होंने कहा कि जाँच समिति जाँचकर अपना प्रतिवेदन समय पर प्रस्तुत करें। राज्य मंत्री श्री कुशवाह ने कहा कि निगम द्वारा प्रदाय किये जाने वाले कृषि यंत्र और उपकरणों की अच्छी गुणवत्ता के साथ-साथ कीमतें भी कम होनी चाहिए। 

उन्होंने कहा कि कई उपकरणों की कीमतें बाजार में उपलब्ध उपकरणों से ज्यादा होने के कारण किसानों द्वारा यंत्र-उपकरण निगम से नहीं लियें जाते है, जिससे कई योजनाओं के क्रियान्वयन में दिक्कत आती है। बैठक में एम.पी. एग्रो द्वारा पूरक पोषण आहार के उत्पादन के लिये संचालित संयत्रों सहित अन्य योजनाओं की भी समीक्षा की गई। बैठक में प्रमुख सचिव उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण कल्पना श्रीवास्तव, एम.डी. एम.पी. एग्रो श्रीकांत बनौठ और अन्य अधिकारी मौजूद थे।