कांग्रेस ने किया दावा...

भारत सीमा पर मिसाइल तैनात कर रहा चीन !



नई दिल्ली। ताजा सैटेलाइट तस्वीरों के हवाले से कांग्रेस ने कहा है कि चीन भारत सीमा के पास सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइलें तैनात कर रहा है. इसे खतरनाक और चिंताजनक बताते हुए कांग्रेस ने मांग की है कि इसको लेकर केंद्र सरकार देश के सामने स्थिति स्पष्ट करे. कांग्रेस ने सरकार से आगामी संसद सत्र में चीन की तरफ से मिसाइलों की तैनाती, लद्दाख से लेकर उत्तरपूर्व तक सीमा पर चीनी सैनिकों में भारी इजाफा और इंफ्रास्ट्रक्चर निर्माण को लेकर चर्चा करवाने और चीन से लगी सीमा की सुरक्षा को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बयान की मांग की है.

कांग्रेस प्रवक्ता राजीव शुक्ला ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा "निष्पक्ष सुरक्षा एजेंसियों की तरफ से जारी की गई सैटेलाइट तस्वीरों से पता चलता है कि भारत सीमा के पास चीन सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइल तैनात कर रहा है. चीन की तरफ से मिसाइल तैनाती की तस्वीरें दोकाला पास और नकालू पास की हैं."

इस जगह के बारे में बताते हुए शुक्ला ने बताया कि इस साल 9 मई को भारत और चीन की सेनाओं के बीच में यहीं पर झड़प हुई थी, जिसमें हमारे 7 लोग जख्मी हुए थे और चीन के भी सैनिक जख्मी हुए थे. चिंता जताते हुए राजीव शुक्ला ने कहा, "पूर्वोत्तर सीमा पर चीनी फौज का जमावड़ा और सैन्य ढांचा बढ़ता जा रहा है. चाहे लद्दाख हो या उत्तराखंड या उत्तरपूर्व हर तरफ से चीन हमें घेर रहा है."

राजीव शुक्ला ने मांग की है कि सरकार देश को पूरे हालात से अवगत कराए. शुक्ला ने कहा, "संसद के सत्र में सरकार को कोरोना के बाद इस विषय पर चर्चा करनी चाहिए. इस मामले में देश को धोखे में नहीं रखा जाना चाहिए."

वहीं लोकसभा में कांग्रेस के उपनेता गौरव गोगोई ने मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, "भारत माता को बचाने की बजाए विदेश मंत्रालय पीएम की छवि बचाने में लगा है. विदेश मंत्री के पास कोई शब्द नहीं है, क्यों चीनी सेना इतनी संख्या में सीमा पर खड़ी है."

गोगोई ने आगे कहा कि संवेदनशील समय में प्रधानमंत्री खुद संसद के भीतर यह बताएं कि आने वाले समय में भारत की सीमा को कैसे सुरक्षित रखेंगे? तंज कसते हुए गोगोई ने आगे कहा कि जो लाल आंख की बात की थी, वो बातें अब खोखली हो चुकी हैं.

जाहिर है कि दो हफ्ते बाद होने जा रहे संसद सत्र में कांग्रेस चीन के मुद्दे पर मोदी सरकार को घेरने जा रही है. आपको ध्यान होगा कि 15-16 जून की रात लद्दाख के गलवान घाटी में स्थित वास्तविक नियंत्रण रेखा पर भारत और चीनी सैनिकों के बीच हिंसक झड़प में 20 भारतीय जवान वीरगति को प्राप्त हुए थे. इसके बाद सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने "चीन के भारतीय सीमा में नहीं घुसने" वाला बयान दिया था, जिसपर काफी विवाद हुआ था. इस घटना को लेकर भी कांग्रेस संसद में सरकार पर हमलावर रहेगी.