राम रंग में रंगी वेशभूषा के साथ…
अयोध्या के लिए रवाना हुए पीएम मोदी

नई दिल्ली। पीएम नरेंद्र मोदी आज अयोध्या में राम मंदिर भूमि पूजन का शिलान्यास करेंगे। पीएम मोदी राजधानी दिल्ली से लखनऊ के लिए निकल चुके हैं। पीएम की वेशभूषा भी राम के रंग रग चुकी है। आम तौर पर चूड़ीदार पायजामा और कुर्ता पहनने वाले पीएम धोती और सुनहरा कुर्ता पहनकर रवाना हुए हैं। सुबह 11.30 बजे वह भगवान राम की नगरी अयोध्या पहुंचेंगे।

आमतौर पर चूड़ीदार पायजामा और कुर्ता पहनने वाले पीएम मोदी के कपड़े ने सबको चौंकाया। पीतांबरी धोती और सुनहरा कुर्ता पहने पीएम अपने विशेष विमान में सवार हुए। पीएम ने इस विशेष आयोजन के लिए कपड़े भी विशेष पहने हैं। हिंदू धर्म में सुनहरा और पीतांबर रंग को बहुत शुभ माना जाता है। पीएम के ड्रेस को भी इससे जोड़कर देखा जा रहा है।

पीएम सुबह 9 बजकर 35 मिनट पर दिल्ली से लखनऊ के लिए रवाना हुए। एक घंटे बाद यानी 10 बजकर 35 मिनट पर वह लखनऊ पहुंचेंगे। यहां से 5 मिनट बाद यानी 10 बजकर 40 मिनट पर वह अयोध्या के लिए प्रस्थान करेंगे। साढ़े 11 बजे पीएम मोदी अयोध्या पहुंचे और साढ़े 12 बजे भूमि पूजन में शामिल होंगे।पीएम आज अभिजीत मुहूर्त में भूमि पूजन करेंगे। इसके बाद मंदिर का शिलान्यास किया जाएगा। राम मंदिर की नींव चांदी के फावड़े और चांदी की कन्नी सी डाली जाएगी।

पीएम मोदी आज अभिजीत मुहूर्त में भूमि पूजन करेंगे। इसके बाद मंदिर का शिलान्यास किया जाएगा। राम मंदिर की नींव चांदी के फावड़े और चांदी की कन्नी सी डाली जाएगी। इसकी तस्वीर भी सामने आ गई है।

भूमि पूजन समारोह में शामिल हर शख्स को लड्डु के साथ प्रसाद के रूप में चांदी का एक सिक्का ङी भेंट किया जाएगा। चांदी के सिक्के के एक तरफ राम दरबार की छवि है जिसमें भगवान राम, सीता, लक्ष्मण और हनुमान हैं और दूसरी तरफ ट्रस्ट का प्रतीक चिह्न है।

पटना का महावीर मंदिर ट्रस्ट श्रद्धालुओं को रघुपति लड्डू प्रसाद के रूप में वितरित करेगा। लड्डुओं के 1 लाख से भी ज्यादा पैकेट तैयार किए गए हैं। ट्रस्टी आचार्य किशोर कुणाल ने बताया, '1 लाख में से 51 हजार लड्डू राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को बांटे जाएंगे।'

बता दें कि भूमि पूजन के इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, संघ प्रमुख मोहन भागवत, सीएम योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल आनंनदीबेन समेत कई बड़ी हस्तियां शामिल होंगी। कोरोना महामारी के चलते कार्यक्रम के लिए केवल 175 लोगों को न्योता भेजा गया है।

अतिथियों को निमंत्रण मिला है, उनके कार्ड पर एक कोड लिखा है, जो सुरक्षा के मद्देनजर डिजाइन किया गया है। बता दें कि पूर्व उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी, पूर्व केंद्रीय मंत्री मुरली मनोहर जोशी और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह भूमि पूजन के कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लेंगे।

अयोध्या में अतिथियों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया है. भूमिपूजन कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत हैं. राम जन्मभूमि मंदिर के भूमिपूजन कार्यक्रम में बाबरी मस्जिद के पक्षकार रहे इकबाल अंसारी को भी न्योता दिया गया है. अवधेशानंद, स्वामी रामदेव, चिदानंद मुनि, साध्वी ऋतंभरा, पुज्य परमानंद जी महाराज, राघवाचार्य, महामंडलेश्वर अखिलेशानंद, डॉ. श्यामदेव देवाचार्य, जगदगुरु रामानंदाचार्य समेत कई साधु-संत भूमिपूजन कार्यक्रम में शामिल होंगे.

बताया जा रहा है कि कार्यक्रम में करीब 135 साधु-संत मौजूद रहेंगे. अयोध्या के कुछ प्रख्यात लोगों को भी आमंत्रित किया गया है. कोरोना महामारी के कारण कुछ मेहमानों के आने में मुश्किलें हैं. वहीं प्रयागराज के वासुदेवानंद महाराज, जो कि चौमासा नक्षत्र की वजह से अपनी गद्दी नहीं छोड़ सकते. वो इस कार्यक्रम में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़ेंगे.

मोदी 29 साल पहले अयोध्या गए थे, तब उनसे एक पत्रकार ने पूछा था कि आप दोबारा अयोध्या कब आएंगे, जिसपर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि मंदिर बनने के बाद वह यहां आएंगे।