चीन -भारत का टकराव कौन किस पर भारी...
भारत है चीन को सबक सिखाने में सक्षम !

LAC पर जारी तनाव और हमारे 20 सैनिकों के शहीदी के अनुपात में उनके 40 से अधिक सैनिकों का हलाक होना तो यही संकेत देता है की, अगर चीन और भारत का यह टकराव उच्च स्तर तक जाता है तो संभवत हम चीन को ना सिर्फ सबक सिखाने में कामयाब होंगे बल्कि उसे दायरे में और कायदे में रहना भी सिखा देंगे। आपको क्या लगता है LAC पर चीन  का पलड़ा भारत पर भारी है। मेरी राय में तो ऐसा बिल्कुल नहीं है । LAC पर चीन तो वही कर रहा है जो वो आज तक करते आया है। 

लेकिन हमने उसे सबक सिखाने के लिए अपनी पहले से जो तैयारियां कर रखी है उस पर भी गौर कर लिया जाए तो बेहतर होगा। आपको क्या लगता है कि नेवी में पिछले 6 साल में दर्जन भर से ज्यादा छोटे - बड़े - बैकअप परमाणु पनडुब्बियों सहित युद्ध पोत क्या पाकिस्तान के लिए उतारे गए हैं ? ब्रह्मास्त्र, पृथ्वी,अग्नि, आकाश , अपाचे बराक -8 , इजराइली टनल बम , द्रोण का जखीरा , दो टाइप की होवित्जर , ग्लोबमास्टर मिग के अपग्रेड अर्जुन काली ब्रह्मोश एन्टी सैटेलाइट, बोफोर्स की एलएसी पर तैनाती आदि घातक हथियारों का जखीरा  बढ़ाने के पीछे हमारा मकसद चीन को सबक सिखाना ही था। 

पूर्वोत्तर में सबसे ऊँचा पुल , सबसे लंबा पुल , एरोड्रम , सड़क , डबल गेज रेल और यहां तक कि कोविड के बीच रिकॉर्ड 1 महीने में बर्फ पिघलने से पहले और पेट्रोलिंग बढ़ने से पहले ही लद्दाख साइड में 60 टन क्षमता का पुल इसी उद्देश्य को लेकर तैयार किया गया है। कि इस बार छीनने अगर कोई ही उल्टी-सीधी हिमाकत की तो उसे उसकी औकात याद दिला देंगे। मेक इन इंडिया से शुरू करके, स्वदेसी अपनाओ के नारे तक पहुँच जाना क्या पाकिस्तान से निपटने के लिए है । 

ये नया हिंदुस्तान है , बस ये एक खूटा ही पाकिस्तान के लिए काफी था फिर CDS की नियुक्ति किसलिए ? ये सारी  तैयारी पाकिस्तान के नाम से चाइना के लिए ही थी। पाकिस्तान की हमारे सामने कोई औकात नहीं है तो फिर ऐसे देश के लिए तैयारी पहले से क्या करना।  इस बार चीन की कमर तोड़ के ही मानेगी सेना । इस बार चीन यदि कायदे में रहना सीख गया तो फायदे में रहेगा, और यदि वह भारत से टकराया और अपनी आदतों से बाज नहीं आया तो फिर उसे कितना नुकसान उठाना पड़ेगा उसे यह समझ लेना चाहिए कल की घटना को देखते हुए।
 
इसलिए चीन के भारतीय प्रवक्ताओं और चरण चाटुओं के चक्कर में उलझकर के नेतृत्व और हमारी सेना पर विश्वास करो। आधिकारिक बयान के अलावा चीनी एजेंट गैंग, देशद्रोही टुकड़े टुकड़े गैंग के द्वारा किए जाने वाले भ्रामक प्रचार और जानकारी से बचो। का शिकार होने से बचो। देश सुरक्षित हाथों में है हमारी सेना पूरी मुस्तैद है और पूरी तरह से दुश्मन को धूल चटाने में सक्षम भी है जय हिंद जय भारत। 

                                                                                                          दिव्या सिंह यादव