करोना का जहर या प्रकृति का कहर !


पिछले कुछ महीनों से पूरी दुनिया दहशत के साए में हैं कोरोना नाम के वायरस ने पूरी दुनिया को हिला कर रख दिया है । इससे क्या छोटे क्या बड़े देश क्या अमीर क्या गरीब सभी दहशत में है । पूरे विश्व पर कब्जा जमा चुका यह वायरस आज पूरी दुनिया की आबादी को अपने आगोश में लेने के लिए उतावला है इस खतरनाक वायरस के आगे बड़ी से बड़ी अर्थव्यवस्थाओ  घुटने टेक दिए हैं। 

इटली हो या स्पेन, या अमेरिका इसके सामने सब बेबस नजर आ रहे हैं । यह देत्य अब धीरे-धीरे इंडिया में भी पांव पसारता जा रहा है। और इसे बढ़ावा देने का काम कर रही है कुछ दकियानूसी सोच रखने वाले लोग जो केवल और केवल अपनी बात मनवाने के लिए ना सिर्फ अपनी जान से खेल रहे हैं बल्कि दूसरों की जान भी आपस में डाल रहे हैं।

इशके लिए प्रधानमंत्री का देश के नाम टोटल लॉकडाउन का आह्वान कोई मायने नहीं रखता।  ये जानते हैं तो सिर्फ लोगों की जान से खेलना और सरकारों को अपनी बात मनवाने के लिए ब्लैकमेल करना ही इनका मुख्य कार्य है।

बेहतरीन से बेहतरीन स्वास्थ्य सेवाएं रखने वाले देश इस महामारी से नहीं लड़ पा रहे हैं । वही  135 करोड़ की आबादी वाला हमारा भारत जिसके पास स्वास्थ्य सेवाएं उतने अच्छे स्तर की नहीं है जितने की इटली और अमेरिका के पास है ऐसी स्थिति में हम इस महामारी से कैसे लड़ेंगे । इस महामारी को रोकने का सिर्फ और सिर्फ एक उपाय है कि हम इस महामारी को रोकने के लिए अपने घरों में रहे । लाकडाउन  का पालन करें ।

सरकार द्वारा दिए जा रहे निर्देशों का पालन करें सोशल डिस्टेंस बनाए रखें। देश व समाज के साथ धोखा करने वाले,ओछी मानसिकता, घटिया सोच रखने वाले लोगों के चेहरों को देश व जनता के सामने ला कर उनका पर्दाफाश करें। किसी भी संदिग्ध या अनजान व्यक्ति को देखते ही सुरक्षा एजेंसियों को सूचित करें। 

कोरोना वारियर्स का हमेशा सम्मान करें। एवं इस बात का भी ध्यान रखें कि हमारे आसपास कोई भी व्यक्ति भूखा न रहे उसे किसी प्रकार की परेशानी ना हो क्योंकि इस समय लोगो के काम धंधे लोगों के बंद है उनकी आय का कोई साधन नहीं है । इसलिए इनकी भूख प्यास का भी ध्यान रखें।


                                                                                                               Pradeep Laxane