उद्धव ठाकरे ने कसा मोदी पर तंज...

दिल की बात 'मन की बात' की तरह नहीं : ठाकरे


मुंबई: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने शनिवार को दक्षिण मुंबई में अंजुमन-ए-इस्लाम के लॉ कॉलेज का नाम पूर्व मुख्यमंत्री ए.आर. अंतुले के नाम पर रखा, जबकि एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार ने उन पर एक किताब 'बनाम नरगिस बाकलम ए.आर. अंतुले' जारी की. इस दौरान पवार ने पूर्व मुख्यमंत्री की जमकर तारीफ की. कार्यक्रम के दौरान उद्धव ठाकरे ने किताब को लेकर पीएम नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' के बहाने पीएम पर तंज कस दिया.

उन्होंने कहा कि इस किताब में 'दिल की बात' है, जो 'मन की बात' से बहुत अलग है. उद्धव ठाकरे ने कहा कि ए.आर. अंतुले और शिवसेना के संस्थापक बालासाहेब ठाकरे बहुत अच्छे दोस्त थे और इस किताब में लिखी 'दिल की बात', 'मन की बात' से बहुत अलग है. उन्होंने आगे कहा, 'अंतुले साहब ने हर दिन ये पत्र लिखे और उनकी पत्नी ने उन्हें इतने वर्षों तक संरक्षित रखा. इससे पता चलता है कि उनके संबंध दोनों तरफ से मजबूत थे.'

सीएम ने आगे कहा कि यह किताब पत्र लिखने के लिए भी काफी उपयोगी साबित होगी. मुख्यमंत्री ने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि दिवंगत बालासाहेब ठाकरे और ए.आर. अंतुले ने कभी अपनी दोस्ती नहीं छिपाई. उन्होंने कहा, 'मुझे याद है कि केंद्रीय मंत्री बनने के बाद अंतुले साहब ने कहा था कि वह दिल्ली में शिवसेना के अंबैसडर हैं. मुझे लगता है कि कांग्रेस ने उनके खिलाफ एक्शन लिया था. उन्होंने क्या गलत कहा था. अगर आज वह जिंदा होते तो उन्हें गर्व होता कि उनके दोस्त का बेटा आज महाराष्ट्र का मुख्यमंत्री है.' शरद पवार की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा, 'मेरे पिता के सभी दोस्त मुझसे प्यार करते हैं.'

उद्धव ठाकरे ने आगे कहा कि बहुत से लोग सोच रहे होंगे कि बालासाहेब का बेटा अंजुमन-ए-इस्लाम में क्या कर रहा है. क्या कांग्रेस से हाथ मिलाने के बाद वह परिवर्तित हो गया है लेकिन इस संस्थान में प्रदान किए गए ज्ञान ने इसकी नींव मजबूत की है. उन्होंने कहा कि अभिनेता दिलीप कुमार भी बालासाहेब के अच्छे दोस्तों में गिने जाते थे. अंतुले और दिलीप कुमार अंजुमन-ए-इस्लाम के पूर्व छात्र थे और बालासाहेब राष्ट्रवादी लोगों के साथ खड़े रहते थे, चाहें वह हिंदू हो या मुसलमान.