दुश्मन देश की 'आमदनी अठन्नी खर्चा रुपैया' वाली हुई हालत...
भारत ने पाकिस्तानी समुद्री व्यापार की तोड़ी कमर !
पुलवामा आतंकी हमले के बाद से ही दोनों देशों के बीच व्यापार ठप हैं. वहीं, पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत ने पूरी तरीके से पाकिस्तान के साथ व्यापार बंद कर दिया है, और कई तरह के प्रतिबंध भी लगाए हैं. जिसके बाद से, पाकिस्तान को समुद्री व्यापार में बेतहाशा घाटे का सामना करना पड़ रहा है.
भारत की आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस पॉलिसी जारी है
पहलगाम आतंकी हमले के बाद, भारत ने जबसे पाकिस्तान पर शिकंजा कसा है. तभी से पाकिस्तान की हालत पस्त है. भारत की आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस पॉलिसी जारी है. इसी कड़ी में भारत ने पाकिस्तान पर कई तरह के प्रतिबंध लगाए थे. जिसका सीधा असर अब पाकिस्तान के व्यापार पर भी साफ दिखने लगा है. आइए आसान भाषा में पूरा माजरा समझते हैं.
पाकिस्तानी सामान ले जाने वाले जहाजों को भारतीय बंदरगाहों पर रुकने की मनाही !
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, भारत के प्रतिबंध के बाद पाकिस्तानी सामान ले जाने वाले जहाजों को भारतीय बंदरगाहों पर रुकने की मनाही है. यह प्रतिबंध 2 मई 2025 को पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में लगाया गया था, जिसमें 26 नागरिकों की जान गई थी. भारत ने पाकिस्तान से आने वाले या पाकिस्तान को निर्यात किए जाने वाले सामानों पर सीधा और अप्रत्यक्ष दोनों तरह का आयात या ट्रांजिट रोक दिया है.
कराची चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष, जावेद बिलवानी ने बताया कि इस भारतीय कार्रवाई के कारण बड़े जहाज पाकिस्तान नहीं आ रहे हैं, जिससे आयात में 30 से 50 दिनों तक की देरी हो रही है. पाकिस्तानी आयातकों को अब छोटे जहाजों पर निर्भर रहना पड़ रहा है, जिससे उनकी लागत बढ़ रही है.
इम्पोर्ट में कोई भी बाधा बड़े आर्थिक नतीजों को जन्म देती है
भारतीय प्रतिबंध के बाद निर्यातकों ने भी शिपिंग और बीमा लागत में भारी बढ़ोतरी दर्ज की है. हालांकि, उनका कहना है कि कुल निर्यात पर इसका बहुत कम असर पड़ा है, सिवाय बीमा लागत में वृद्धि के. वहीं, पाकिस्तान का निर्यात मूल्य जोड़ने के लिए आयातित सामानों पर बहुत ज्यादा निर्भर करता है. ऐसे में, विदेशी मुद्रा बचाने के लिए सरकार द्वारा आयात पर सख्त नियंत्रण के बावजूद, इम्पोर्ट में कोई भी बाधा बड़े आर्थिक नतीजों को जन्म देती है, जिससे पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पर और दबाव बढ़ रहा है.
व्यापारिक घाटे का बढ़ता आंकड़ा
2019 से दोनों देशों के बीच औपचारिक व्यापार संबंध ठप पड़ गए हैं. 2018 में भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय व्यापार 2.41 अरब अमेरिकी डॉलर था, जो 2024 में घटकर 1.2 अरब अमेरिकी डॉलर हो गया है. पाकिस्तान का भारत को निर्यात 2019 में 547.5 मिलियन अमेरिकी डॉलर से घटकर 2024 में सिर्फ 480,000 अमेरिकी डॉलर रह गया है. यह आंकड़े बताते हैं कि पाकिस्तान को कम व्यापार से ज्यादा नुकसान हो रहा है.










0 Comments