भगवान बुद्ध से जुड़े स्थानों से बेहतर कनेक्टिविटी के लिए…

PM मोदी ने कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट का किया उद्घाटन


प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन कर दिया है। PM ने कहा, भारत विश्व भर के बौद्ध समाज की श्रद्धा, आस्था, प्रेरणा का केंद्र है। आज कुशीनगर अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे की ये सुविधा एक प्रकार से, उनकी श्रद्धा को अर्पित पुष्पांजलि है। भगवान बुद्ध से जुड़े स्थानों को विकसित करने के लिए, बेहतर कनेक्टिविटी के लिए, श्रद्धालुओं की सुविधाओं के निर्माण पर भारत द्वारा आज विशेष ध्यान दिया जा रहा है। कुशीनगर का विकास, यूपी सरकार और केंद्र सरकार की प्राथमिकताओं में है। टूरिज्म के क्षेत्र में एक पहलू भी जुड़ गया है। वैक्सीनेशन की तेज गति दुनिया के लिए विश्वास भी पैदा करेगी। यदि भारत जाना है तो सबसे ज्यादा वैक्सीनेटेड देश है। एयर कनेक्टिविटी को भी उन लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया गया है, जिन्होंने कभी इस बारें में सोचा नहीं है। उड़ान योजना को चार साल पूरे होने को हैं। इन सालों में 900 से अधिक रूटों को स्वीकृति दी जा चुकी है। 300 से अधिक रूट पर उड़ान शुरू हो चुकी है। आने वाले तीन चार सालों में कोशिश ये है कि देश में 200 से अधिक एयरपोर्ट, हेलीपैड और सीप्लेन देने वाली सुविधा तैयार हो। बढ़ती हुई इन सुविधाओं के बीच भारत का सामान्य मानव भी ज्यादा दिखने लगा है। मध्यम वर्ग के लोग ज्यादा से ज्यादा उड़ान सेवा का लाभ ले रहे हैं। 

यूपी में 9 एयरपोर्ट से उड़ान शुरू हो चुकी है। लखनऊ, वाराणसी, कुशीनगर के बाद जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर तेजी से काम चल रहा है। इसके साथ अयोध्या, आजमगढ़, अलीगढ़ और श्रावस्ती में तेजी से काम चल रहा है। 26 नवंबर से स्पाइसजेट की उड़ान शुरू होगी। इससे घरेलू यात्रियों, श्रद्धालुओं को सहूलियत मिलेगी। इससे पहले यहां श्रीलंका की पहली फ्लाइट ने एयरपोर्ट पर लैंड किया। फ्लाइट से श्रीलंका के खेल मंत्री नमल राजपक्षे के साथ ही कार्यक्रम में शामिल होने के लिए 125 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल आया है। CM योगी ने सभी का स्वागत किया। एयरपोर्ट का उद्घाटन करने के बाद PM कुशीनगर में महापरिनिर्वाण बुद्ध मंदिर जाएंगे। मंदिर परिसर में 40 हजार लोगों के बैठने का इंतजाम किया गया है। दर्शन के बाद श्रीलंका और भारतीय बौद्ध भिक्षुओं को चीवर दान देंगे और उन्हें संबोधित करेंगे। वह बुद्ध के शांति संदेश के सहारे पूरी दुनिया को साधेंगे। उद्घाटन के दौरान श्रीलंका के मेहमानों का स्वागत पूर्वांचल के मशहूर काला नमक चावल से बने बुद्ध प्रसाद से किया जाएगा। 

नागरिक उड्डन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि कुशीनगर से दिल्ली की हफ्ते में 4 फ्लाइट की सेवा 26 नवंबर से शुरू हो जाएगी, इसके बाद आर्थिक राजधानी मुंबई से भी सीधी उड़ान की व्यवस्था करवाई जाएगी। आज हमारे 54 करोड़ बौद्ध धर्म के भक्तों को ये कुशीनगर हवाईअड्डा समर्पित करने के लिए PM यहां उपस्थित हैं। CM योगी ने कहा, आज हम सबके लिए महत्वपूर्ण दिन है, आज शरद पूर्णिमा के साथ आदिकवि महर्षि बाल्मीकि की जयंती है, साथ ही बौद्ध धर्म का धम्म दिवस है। आजादी के बाद से उपेक्षित पूर्वांचल को आज एक उपहार प्रधानमंत्री द्वारा मिल रहा है। पूर्वी उत्तरप्रदेश के कुशीनगर में भगवान बुद्ध की स्थली रही है। प्रधानमंत्री जी ने यही बात यूएन में कही थी कि दुनिया ने युद्ध दिया हो, लेकिन भारत ने बुद्ध दिया है। PM मोदी एयरपोर्ट का उद्घाटन करने के बाद महापरिनिर्वाण मंदिर में अभिधम्म दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। दोपहर करीब 1:15 बजे प्रधानमंत्री कुशीनगर में विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास करने के लिए एक सार्वजनिक समारोह में शामिल होंगे। इसमें राजकीय मेडिकल कॉलेज का शिलान्यास भी शामिल है। वह 2 बजे ही वापस चले जाएंगे। पहले उन्हें 4.15 बजे तक रुकना था, लेकिन बाद में उनके कार्यक्रम में बदलाव किया गया है।

फायदे -

5 सालों में 18 प्रमुख बौद्ध देशों से 42.17 लाख पर्यटक कुशीनगर आए। अब इनकी संख्या में और बढ़ोत्तरी होगी। कुशीनगर इंटरनेशनल एयरपोर्ट से जापान, चीन, ताइवान, दक्षिण कोरिया, थाईलैंड, सिंगापुर, वियतनाम समेत दर्जनों दक्षिण पूर्व एशियाई देशों से सीधी एयर कनेक्टिविटी होगी। अंतरराष्ट्रीय उड़ान की इस सेवा से बौद्ध सर्किट के चार प्रमुख तीर्थ लुंबिनी, बोधगया, सारनाथ, कुशीनगर व अन्य तीर्थ श्रावस्ती, कौशाम्बी, संकिशा, राजगीर, वैशाली की यात्रा भी पर्यटक कम समय में कर सकेंगे। PM नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम पांच स्तरीय सुरक्षा घेरे में होंगे। सुरक्षा को दो हिस्सों में बांटा गया है, आंतरिक और बाहरी सुरक्षा। PM नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम पांच स्तरीय सुरक्षा घेरे में होंगे। सुरक्षा को दो हिस्सों में बांटा गया है, आंतरिक और बाहरी सुरक्षा।

5 स्तरीय सुरक्षा घेरे में PM का कार्यक्रम -

PM नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम पांच स्तरीय सुरक्षा घेरे में है। सुरक्षा को दो हिस्सों में बांटा गया है। आंतरिक और बाहरी सुरक्षा। आंतरिक सुरक्षा SPG संभाल रही है। वहीं बाहरी सुरक्षा 21 IPS की जिम्मेदारी है। बाहरी सुरक्षा घेरे में 42 ASP, 65 DSP, 12 कंपनी PAC, 12 कंपनी सेंट्रल पैरामिलिट्री फोर्स के जवान, 5 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों को लगाया गया है। PM के रूट पर पड़ने वाले मकानों और ऊंची इमारतों पर सशस्त्र पुलिस और सेना के जवान तैनात किए गए हैं।