मेले की घोषणा से व्यापारियों में खुशी की लहर...

अब टैक्स छूट कराना हमारा लक्ष्य : कैट व मेला व्यासायी संघ 

ग्वालियर। ग्वालियर के एतिहासिक श्रीमंत माधवराव सिंधिया व्यापार मेला के आयोजन की तिथि 15 जनवरी घोषित होने के बाद से ही कान्फेडरेशन ऑफ आल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) एवं ग्वालियर व्यापार मेला व्यवसायी संघ बहुत उत्साहित है। साथ ही दोनों संस्थाओं ने अब अपना अगला लक्ष्य मेले में वाहनों को मिलने वाली छूट तथा आरटीओ छूट को बनाया है । इसके लिये दोनों व्यापारी संगठन अब केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर, और राज्यसभा सदस्य ज्योतिरादित्य सिंधिया एवं ग्वालियर के सांसद विवेक नारायण शेजवलकर से मिलकर छूट दिलाने का पूरा प्रयास करेगा। उक्त जानकारी आज पत्रकारों को देते हुये कैट के प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र जैन, मेला व्यवसायी संघ के महामंत्री महेश मुदगल ने बताया कि उन्हें काफी प्रयासों के बाद इस कोरोना महामारी के बाद मेला लगाने की घोषणा की सफलता मिली है। उन्होंने बताया कि ग्वालियर का मेला 6500 दुकानदारों की भावनाओं को मध्यप्रदेश शासन ने स्वीकृति प्रदान की है। उन्होंने इसके लिये मप्र के एमएसएमई मंत्री ओमप्रकाश सकलेचा के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। उन्होंने बताया कि गत 16 दिसंबर को केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर और राज्यसभा सदस्य ज्योतिरादित्य सिंधिया से मेले के आयोजन के लिये चर्चा की थी। 

उस समय भी उन्होंने आश्वस्त किया था कि मेला अवश्य लगेगा और अब इसकी तिथि निर्धारित हो गई है। उन्होंने कहा कि वह भी सभी व्यापारियों से अनुरोध करेंगे कि वह अपनी तैयारियां शुरू करें। वार्ता के दौरान मेला व्यवसायी संघ के अध्यक्ष महेन्द्र भदकारिया, जनसंपर्क अधिकारी अनिल पुनियानी, कैट के जिला संयोजक दीपक पमनानी ने बताया कि वह कोविड 19 के लिये तय मापदंडों का पालन करने का प्रयास करेंगे। साथ ही मेले में आने वाले सैलानियों के लिये प्रवेश द्वार पर ही मास्क तथा हाथ सेनेटाइज कराने की व्यवस्था करेंगे। उन्होंने यह भी बताया कि मेले को सुबह और शाम को सेनेटाइज किया जायेगा। वहीं सोशल डिस्टेंसिंग का भी उचित पालन किया जायेगा। लेकिन जब पत्रकारों ने मेला आयोजकों से पूछा कि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन सैलानियों से कैसे कराया जाएगा तो इस बारे में ना तो व्यापारी संघ और ना ही कैट के सदस्य कोई परफेक्ट प्लान मीडिया के सामने रख सकें। बल्कि इस पर उन्होंने बताया कि इसके लिये व्यापारी , मेला आयोजक , जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन को पूरी शिददत के साथ काम करना होगा।

50 हजार व्यापारियों की रोजी-रोटी का सवाल !

 मेला व्यवसायी संघ के मेले की घोषणा से तो खुश हैं , लेकिन कोविड के कहर से बचाव में उनका जबाब बचकाना रहा। आज मेला व्यवसायी संघ के पदाधिकारी महेश मुदगल ने पत्रकारों से चर्चा मेें कहा कि हम मेला लगने की घोषणा से हम खुश हैं और शासन का आभार मानते हैं, लेकिन कोविड के कहर में हम व्यापारी क्या करें। 50 हजार व्यापारियों की रोजी-रोटी का सवाल है।  इस पर पत्रकारों ने कहा कि मुदगल जी मेले में प्रतिदिन एक से पांच लाख लोग आते हैं । मंगलवार , शनिवार व रविवार को यह संख्या दोगुनी हो जाती है और कोरोना महामारी बनकर ग्वालियर में फैल गया तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा। इस पर मेला व्यवसायी संघ के अध्यक्ष बोले हमारी जिम्मेदारी नहीं है जिस पर अधिकांश पत्रकार भडक़ गये। उन्होंने कहा कि पूरा ग्वालियर कोरोना की चपेट में आ जाये आपको चिंता नहीं तो फिर मेला लगवाना क्या जरूरी है। इस पर पत्रकार वार्ता में सन्नाटा खिंच गया। बाद में मेला व्यवसायी संघ के महेन्द्र भदकारिया , अनिल पुनियानी , संजय दीक्षित और कैट के प्रदेश अध्यक्ष भूपेन्द्र जैन ने बात संम्हाली और कहा कि हम मेले में शोसल डिस्टेंसिंग का पालन करायेंगे व मेले को सुबह शाम सेनेटाइज्ड करायेंगे।