जिला दण्डाधिकारी एवं कलेक्टर ने आगामी त्यौहार पर…

अस्थाई आतिशबाजी विक्रय के लिये स्थान किये निर्धारित 

मुरैना। विस्फोटक नियम 2008 के नियम 84 के अन्तर्गत सभी अनुविभागीय दण्डाधिकारियों को उनके क्षेत्राधिकार के अन्तर्गत प्रस्तावित स्थलोें पर आगामी दीपावली त्यौहार पर 25 अक्टूबर से 15 नवम्बर 2020 तक की अवधि के लिये अस्थाई आतिशबाजी विक्रय लायसेंस (50 कि.ग्रा. तक) जारी करने के लिये अधिकृत किया जाता है साथ ही आतिशबाजी विक्रय के लिये स्थल निर्धारित किये गये है।जिला दण्डाधिकारी एवं कलेक्टर अनुराग वर्मा ने एक आदेश जारी कर कहा है कि मुरैना शहर के आतिशबाजी विक्रय के लिये मेला ग्राउण्ड, बानमौर में वर्ष 2019 में संशोधित स्थल वार्ड क्रमांक 7 पानी की टंकी के पास खुली जमीन पर, जौरा में ग्राम अलापुर के सर्वे क्रमांक 811/3 मेला का मैदान, अंबाह में पचासा मैदान अंबाह, पोरसा में थाना परिसर पोरसा के पीछे रिक्त स्थल पर, सबलगढ़ में नेहरू महाविद्यालय प्रांगण पानी की टंकी के पास और कैलारस में शक्कर कारखाना कैलारस प्रांगण का चयन किया गया है। 

जिला दण्डाधिकारी एवं कलेक्टर अनुराग वर्मा ने सभी अनुविभागीय दण्डाधिकारी एवं पुलिस अनुविभागीय अधिकारियों को विस्फोटक नियम 2008 के नियम 84 में दिये गये निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराते हुये कहा है कि अनुज्ञप्तिधारियों को दुकान का आवंटन लाटरी सिस्टम से किया जाये। आतिशबाजी की अस्थाई दुकानों के अभिन्यास इस प्रकार बनाये कि प्रत्येक दो दुकानों के बीच 3 मीटर खाली स्थान रहे। दो दुकानों के बीच विभाजन के लिये केवल लोहे की शीट का ही उपयोग किया जाये। आतिशबाजी को सुरक्षित एवं अज्वलनशील सामग्री से बने शेड में रखा जाये। आतिशबाजी की दुकानों के 50 मीटर के अंदर आतिशबाजी प्रदर्शन प्रतिबंधित होगा। 

लायसेंसधारी द्वारा लायसेंस में वर्णित मात्रा में ही आतिशबाजी भण्डारण किया जाये। केवल लायसेंसधारी द्वारा ही आतिशबाजी का क्रय-विक्रय किया जाये। अनाधिकृत रूप से विक्रय करने वालों के विरूद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाही की जाये। सार्वजनिक स्थलों, घनी आबादी में अनाधिक्रत रूप से संचालित आतिशबाजी की दुकानों, अवैध संग्रहण पाते है, जिससे कानून व्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है तो उसको तत्काल बंद करबाकर उनके विरूद्ध वैधानिक कार्रवाही की जाये। प्रत्येक दुकान में पोर्टेबल फायर फाइटिंग सिस्टम, पानी का ड्रम एवं बाल्टी में रेत की व्यवस्था अनिवार्यतः कराई जाये, ताकि तत्काल आग पर काबू पाया जा सके। आतिशबाजी विक्रय स्थल के समीप चाय आदि की दुकानों एवं धूम्रपान पर पाबंदी लगाई जाये। जिससे अग्नि दुर्घटना की कोई आशंका नहीं हो। परिसर में फायर बिग्रेड, फायर टेंकर अनिवार्य रूप से रखे जाये। 

वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था दुकानों से कम से कम पचास मीटर दूर की जाये। आतिशबाजी विक्रय स्थलों पर सादा वर्दी में पुलिस कर्मी तैनात किये जाये। जो संदिग्ध, असामाजिक व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रखेंगे एवं आसूचना संकलन कर उनके संज्ञान में आने वाली किसी भी महत्वपूर्ण जानकारी की सूचना जिला प्रशासन को देंगे। दुकानों में प्रकाश हेतु किसी प्रकार का तेल लैम्प एवं खुली बिजली बत्तियों का प्रयोग नहीं होगा। बिजली की लाइन का प्रयोग करने पर उसे दीवार पर या छत पर दृढ़ता से लगाना होगा एवं किसी प्रकार का तार लटके नहीं होंगे। एक पंक्ति की सभी दुकानों के लिये मास्टर स्विच लगाना होगा। प्रत्येक मास्टर स्विच से सर्किट ब्रेकर लगा होना चाहिये। जिससे शाॅर्ट सर्किट होने पर विद्युत प्रवाह स्वतः ही बंद हो जाये। आगजनी की स्थिति से निटपने के लिये आतिशबाजी दुकान संचालकों एवं स्थानीय प्रशासन के बीच समन्वय स्थापित कर पूर्व में माॅकड्रील कराई जाये।