संयुक्त राष्ट्र में दिया ये बयान…

आतंकवाद पर भारत के साथ आया नेपाल

नेपाल के प्रधानमंत्री के.पी. शर्मा ओली ने शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र की एक उच्च-स्तरीय बैठक में अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद पर व्यापक सहमति (CCIT) अपनाने का आह्वान किया. वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बैठक को संबोधित करते हुए ओली ने कहा कि  नेपाल अतंकवाद के सभी रूपों की कड़ी आलोचना करता है और आतंकवाद पर जल्द एक व्यापक सहमति चाहता है. 

ओली ने कहा कि आतंकी गतिविधियों से केवल आम निर्दोष नागरिकों को चोट पहुंचती है. इसकी कड़ी आलोचना होनी चाहिए. पहले से रिकॉर्डेड भााषण में नेपाली पीएम ने भारत, चीन या क्षेत्रीय मुद्दों का उल्लेख नहीं किया. लेकिन साथ ही कहा कि काठमांडू अपने सभी पड़ोसियों के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध बनाए रखेगा. उन्होंने कहा कि गुटनिरपेक्षता, शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के पांच सिद्धांत, अंतरराष्ट्रीय कानून और  विश्व शांति मार्गदर्शक की विदेश नीति के मानदंड. 

ये नेपाल की विदेश नीति के आधारभूत कारक हैं. केपी शर्मा ओली ने कहा कि हम 'सभी के साथ एकता और किसी के साथ भी शत्रुता नहीं' में विश्वास करते हैं. बताते चलें कि CCIT का प्रस्ताव 1996 में भारत ने ही रखा था, लेकिन इसको परिभाषित करने के मुद्दे पर मतभेद उभर आए. जिसके बाद ये आगे नहीं बढ़ सका.