इस बार संसद घेरने का आह्वान..!

मध्य प्रदेश में आठ मार्च को तीन रैलियां करेंगें राकेश टिकैत

किसान नेता राकेश टिकैत ने राजस्थान के सीकर में ऐलान किया कि अगर केंद्र सरकार ने कृषि कानूनों को वापस नहीं लिया तो इस बार आह्वान संसद घेरने का होगा और वहां चार लाख नहीं चालीस लाख ट्रैक्टर जाएंगे। इसके साथ ही उन्होंने किसानों से तैयार रहने को कहा क्योंकि कभी भी दिल्ली जाने का आह्वान हो सकता है। टिकैत संयुक्त किसान मोर्चा की किसान महापंचायत को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा,'' कान खोलकर सुन ले दिल्ली, ये किसान भी वही हैं और ट्रैक्टर भी वही होंगे। अबकी बार आह्वान संसद का होगा। कहकर जाएंगे संसद पर। 

इस बार चार लाख नहीं चालीस लाख ट्रैक्टर जाएंगे।'' भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के नेता राकेश सिंह टिकैत केन्द्र के नए कृषि कानूनों के खिलाफ लोगों का समर्थन हासिल करने के लिये मध्यप्रदेश में आठ मार्च को तीन जगहों पर रैलियों को संबोधित करेंगे। बीकेयू की मध्यप्रदेश इकाई के महासचिव अनिल यादव ने बताया कि टिकैत आठ मार्च को श्योपुर, रीवा और देवास में किसान रैलियों को संबोधित करेंगे। इस बीच पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि संयोग से प्रदेश के अनूपपुर जिले में वर्ष 2012 में हत्या और दंगे के प्रयास के मामले में टिकैत के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट लंबित है। उन्होंने बताया कि टिकैत ने जेठारी इलाके में एक बिजली संयंत्र के खिलाफ बीकेयू के विरोध का नेतृत्व किया था। 

यह प्रदर्शन हिंसक हो गया था इसमें पुलिसकर्मी घायल हो गये और वाहनों में आग लगा दी गयी थी। अनूपपुर के जिला पुलिस अधीक्षक मांगीलाल सोलंकी ने बताया कि इस मामले में टिकैत सहित 100 से अधिक लोगों को भादवि की धारा 307 सहित अन्य संबद्ध धाराओं में गिरफ्तार किया गया था। सोलंकी ने बताया कि वर्ष 2012 में जमानत पर रिहा होने के बाद टिकैत आगे की सुनवाई के लिये अदालत में पेश नहीं हुए। इसके बाद वर्ष 2016 में उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया। उन्होंने कहा कि हम गिरफ्तारी वारंट पर जरूरी कार्रवाई करेंगे।