स्टेशन से घर बेरोकटोक जा सकेंगे रेलयात्री…
ट्रेन का टिकट ही बनेगा कर्फ्यू पास

मंगलवार से फिर से शुरू हो रही ट्रेन सेवा नई दिल्ली से 15 ट्रेनें चलेंगी. कन्फर्म टिकट वाले यात्री ही यात्रा कर सकेंगे और इसके लिए उन्हें कर्फ्यू पास लेने की कोई जरुरत नहीं होगी. गृह मंत्रालय ने रेल में सफर करने वाले यात्रियों के आवागमन के संबंध में दिशा-निर्देश जारी कर दिया है, जिसके अनुसार केवल कंफर्म ई-टिकट वाले यात्री ही रेलवे स्टेशन में प्रवेश कर पाएंगे. वहां उनकी स्क्रीनिंग की जाएगी, जिनमें लक्षण नहीं हैं केवल वही यात्री यात्रा कर सकेंगे. इसके अलावा सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क लगाना अनिवार्य होगा.

पिछले दिनों रेल पटरी पर हुए हादसे के बाद ऐसी अप्रिय हादसा फिर न हो, इसके लिए गृह मंत्रालय की ओर से यह भी कहा गया कि केंद्र ने राज्यों को यह सुनिश्चित करने को कहा है कि प्रवासी मजदूर रेलवे पटरियों का इस्तेमाल न करें, साथ ही उनके लिए भोजन, आश्रय की व्यवस्था तब तक करें जब तक कि उनके लिए रेलगाड़ियों या बसों की व्यवस्था न की जा सके. गृह मंत्रालय ने कहा कि प्रवासी श्रमिकों के तेजी से आवागमन की सुविधा सुनिश्चित की जा सके, इस संबंध में गृह मंत्रालय और रेल मंत्रालय ने आज राज्य के नोडल अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस कर श्रमिक स्पेशल ट्रेनों के संचालन की समीक्षा की. अगले कुछ हफ्तों तक प्रतिदिन 100 से अधिक श्रमिक स्पेशल ट्रेनें चलेंगी.

गृह मंत्रालय ने कोरोना वायरस की वजह से विदेश में फंसे भारतीयों को लाने को लेकर सरकार की ओर से की गई व्यवस्था के बारे में बताया कि वंदे भारत मिशन के तहत विदेश में फंसे करीब 4 हजार भारतीयों को विशेष विमान के जरिए विदेश से स्वदेश लाया गया है. साथ ही प्रवासी श्रमिकों के लिए देश में चलाई गई ट्रेन के जरिए 5 लाख यात्री आपने गृह राज्य पहुंच चुके हैं. इस संबंध में अभी तक 468 ट्रेनें चलाई गई हैं. गृह मंत्रालय ने यह भी कहा कि 23 वंदे भारत मिशन उड़ानों के माध्यम से 10 मई तक विदेश में फंसे 4,000 भारतीयों को भारत लाया जा चुका है. आईएनएस मगर कल रविवार को लगभग 200 भारतीयों के साथ मालदीव से रवाना हो चुका है, वहीं आईएनएस जलश्व 698 यात्रियों के साथ कोच्चि पहुंच चुका है.